बिहार वानिकी महाविद्यालय एवं शोध संस्थान, मुंगेर की राष्ट्रीय सेवा योजना समिति की ओर से आयोजित 15 दिवसीय स्वच्छता पखवाड़ा के तहत रामलखन सिंह यादव उच्च विद्यालय, मोहली, संकरपुर में स्वच्छता एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया. कार्यक्रम में वानिकी महाविद्यालय के वैज्ञानिकों के साथ विद्यालय के प्राचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाओं और विद्यार्थियों ने उत्साह के साथ भाग लिया. इस दौरान विद्यार्थियों ने परिसर की साफ-सफाई कर स्वच्छता को अपने दैनिक जीवन का हिस्सा बनाने का संदेश दिया.
विद्यार्थियों ने संभाली सफाई की जिम्मेदारी
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिसर में स्वच्छता अभियान चलाया गया. विद्यार्थियों और शिक्षकों ने मिलकर परिसर की साफ-सफाई की. सफाई के बाद आयोजित जागरूकता कार्यक्रम में विद्यार्थियों को व्यक्तिगत स्वच्छता, सार्वजनिक स्थानों को साफ रखने और स्वच्छ पर्यावरण के महत्व के बारे में जानकारी दी गयी.
वक्ताओं ने विद्यार्थियों को बताया कि स्वच्छता का सीधा संबंध स्वस्थ जीवन और बेहतर पर्यावरण से है. यदि घर, विद्यालय और आसपास के सार्वजनिक स्थानों को साफ रखा जाए तो कई तरह की बीमारियों और पर्यावरणीय समस्याओं से बचाव किया जा सकता है.
स्वच्छता को आदत बनाने की अपील
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि स्वच्छता किसी एक दिन या अभियान तक सीमित रहने वाला काम नहीं है. इसे दैनिक जीवन की आदत बनाना जरूरी है. विद्यार्थियों से अपने घर और विद्यालय के साथ आसपास के क्षेत्रों को स्वच्छ रखने तथा अन्य लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने की अपील की गयी.
उन्होंने कहा कि विद्यार्थी समाज में सकारात्मक बदलाव के वाहक बन सकते हैं. उनकी छोटी-सी पहल परिवार और समुदाय के दूसरे लोगों को भी स्वच्छता के प्रति प्रेरित कर सकती है.
वैज्ञानिकों और शिक्षकों ने भी लिया हिस्सा
कार्यक्रम के नोडल अधिकारी डॉ. उमाकांत सिंह, अजित कुमार मंडल और धनंजय कुमार मौजूद रहे. विद्यालय की प्राचार्या बहामनी हांसदा के साथ शिक्षक-शिक्षिकाओं ने भी कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी निभायी.
आयोजकों ने बताया कि कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों और स्थानीय समुदाय में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना तथा स्वच्छ, स्वस्थ और पर्यावरण अनुकूल समाज के निर्माण में सामूहिक भागीदारी को बढ़ावा देना है.
15 अगस्त तक जारी रहेंगी गतिविधियां
वानिकी महाविद्यालय एवं शोध संस्थान की ओर से स्वच्छता पखवाड़ा के तहत 15 अगस्त तक विभिन्न स्वच्छता और जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जा रही हैं. इन कार्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों को स्वच्छता के प्रति जिम्मेदार बनाने के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दिया जा रहा है.
