– नोटिस और जुर्माना वसूली तक सिमटी कार्रवाई, फुटपाथ से लेकर मुख्य बाजार तक ठेला-खोमचा का कब्जा, जाम से लोग परेशान
मुंगेर.
यह तस्वीर किसी मंडी का नहीं, बल्कि मुंगेर शहर के मुख्य बाजार के शनिवार की रात का है. जो यह साबित कर रहा है कि किस तरह मुंगेर बाजार की फुटपाथ और सड़कों पर अतिक्रमणकारियों का कब्जा है. जिसके कारण कार, बाइक चालक तो दूर, पैदल राहगीरों को भी बाजार में चलना मुश्किल हो गया है. यह समस्या कोई एक दिन की नहीं है, बल्कि दशकों से बनी हुई.
बाजार की फुटपाथ व सड़कों पर अतिक्रणकारियों का कब्जा
मुंगेर के मुख्य बाजार, विजय चौक, पूरबसराय, बेकापुर, चौक बाजार, कौड़ा मैदान, नीलम रोड, कोतवाली रोड, सदर अस्पताल रोड और अन्य व्यस्त इलाकों में सड़क के दोनों किनारों पर ठेला, खोमचा और अस्थायी दुकानों की भरमार देखी जा सकती है. इतना हीं नहीं, बाटा चौक, साइकिल पट्टी चौक सहित शहर की अन्य चौक-चौराहों पर भी अतिक्रमणकारियों का कब्जा है. फुटपाथ, जो पैदल यात्रियों के लिए बनाए गए हैं, उन पर पूरी तरह दुकानदारों ने कब्जा जमा रखा है. नतीजतन जाम की स्थिति बनी रहती है. जिसके कारण लोगों को पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है.
सड़कों पर ठेला वालों का राज, हार्न की आवाज भी बेअसर
गर्मी के कारण दोपहर के समय बाजार की सड़कें इन दिनों भले ही कुछ हद तक खाली नजर आती हों, लेकिन शाम ढलते ही स्थिति पूरी तरह बदल जाती है. खरीदारी के लिए निकलने वाले लोगों की भीड़ और सड़क किनारे लगी दुकानों और सड़कों पर ठेला व खोमचा वालों के कारण बाजार क्षेत्र में लंबा जाम लगना आम बात हो गई है. जिन पर वाहनों के हार्न भी बेअसर साबित हो जाता है. जिसके कारण वाहन चालकों के साथ-साथ पैदल राहगीरों को भी काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है.
वेंडिंग जोन व पार्किंग जोन नहीं होना बना मुख्य कारण
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम के पास अबतक कोई स्थायी वेंडिंग जोन या व्यवस्थित पार्किंग जोन नहीं है. यही वजह है कि फुटपाथ और सड़कें ही अस्थायी बाजार में तब्दील हो जाती हैं. कई बार निगम की टीम अतिक्रमण हटाने पहुंचती है, लेकिन कुछ समय बाद स्थिति फिर पहले जैसी हो जाती है. इससे निगम की कार्रवाई की गंभीरता पर भी सवाल उठने लगे हैं. शहरवासियों का मानना है कि यदि नगर निगम स्थायी वेंडिंग जोन और पार्किंग व्यवस्था विकसित करे तथा अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई को नियमित और सख्ती से लागू करे, तो मुंगेर की यातायात व्यवस्था काफी हद तक सुधर सकती है. केवल नोटिस और जुर्माना वसूली से समस्या का समाधान संभव नहीं है.
कहते हैं अधिकारी
नगर आयुक्त पार्थ गुप्ता ने बताया कि निगम की ओर से लगातार अतिक्रमणकारियों के खिलाफ अभियान चलाया जा रहा है. जुर्माना भी वसूल की जा रही है और बांस-बल्ला भी जब्त किया जाता है. अतिक्रमणकारियों को नोटिस भी भेजी जा रही है. उन्होंने कहा कि वेंडिंग जोन व पार्किंग जोन बनाने पर काम चल रहा है.
