Munger University PhD Admission: मुंगेर यूनिवर्सिटी में पीएचडी में नामांकन का इंतजार कर रहे अभ्यर्थियों के लिए मुंगेर विश्वविद्यालय से महत्वपूर्ण खबर है. सत्र 2024-25-26 के लिए पीएचडी में नामांकन की आवेदन प्रक्रिया विश्वविद्यालय दोबारा शुरू करने जा रहा है. हाल ही में UGC-NET और CSIR-NET के रिजल्ट जारी होने के बाद विश्वविद्यालय अब इन परीक्षाओं में सफल अभ्यर्थियों को आवेदन का अवसर देगा.
विश्वविद्यालय की ओर से इसके लिए जल्द ही आधिकारिक सूचना जारी की जाएगी. ऐसे में पीएचडी करने की तैयारी कर रहे अभ्यर्थियों की नजर अब विश्वविद्यालय की नयी आवेदन अधिसूचना पर है.
राजभवन के निर्देश के बाद बदला नामांकन का नियम
मुंगेर विश्वविद्यालय के पीआरओ डॉ. सूरज कोनार ने बताया कि वर्तमान में CSIR-NET और UGC-NET के परिणाम जारी हो चुके हैं. वहीं राजभवन के निर्देश के अनुसार बिहार राज्य विश्वविद्यालय पीएचडी अध्यादेश व विनियम-2026 के तहत पीएचडी में नामांकन के लिए UGC-NET, CSIR-NET अथवा GATE को अनिवार्य किया गया है.
नियम में हुए इस बदलाव के बाद हाल में जारी UGC-NET और CSIR-NET में सफल अभ्यर्थियों को भी आवेदन का मौका देना जरूरी हो गया है. इसी वजह से विश्वविद्यालय अब पीएचडी नामांकन के लिए आवेदन प्रक्रिया दोबारा शुरू करने की तैयारी में है.
अभ्यर्थियों को विश्वविद्यालय की ओर से जारी होने वाली सूचना का इंतजार करना होगा. आवेदन की नयी तारीख और अन्य आवश्यक जानकारी इसी सूचना के माध्यम से स्पष्ट होगी.
पहले 232 अभ्यर्थियों ने किया था आवेदन
मुंगेर विश्वविद्यालय पहले ही पीएचडी नामांकन के लिए आवेदन ले चुका है. सत्र 2024-25-26 में 18 विषयों की कुल 296 रिक्त सीटों के लिए 8 से 27 अगस्त तक आवेदन की प्रक्रिया चली थी.
इस दौरान कुल 232 अभ्यर्थियों ने पीएचडी में नामांकन के लिए आवेदन किया. अब नये नियम और हाल में जारी UGC-NET तथा CSIR-NET के परिणामों के बाद दोबारा आवेदन का मौका मिलने से आवेदकों की संख्या बढ़ने की संभावना है.
हिंदी और राजनीतिक विज्ञान में सबसे ज्यादा आवेदन
पहले चरण में हिंदी और राजनीतिक विज्ञान विषय अभ्यर्थियों की पसंद में सबसे आगे रहे. हिंदी में 53 और राजनीतिक विज्ञान में 54 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया.
अंग्रेजी में 28, इतिहास में 42, अर्थशास्त्र में 13 और भूगोल में 10 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया. रसायनशास्त्र में तीन, गृह विज्ञान में चार, गणित में दो, संगीत में पांच और दर्शनशास्त्र में पांच अभ्यर्थियों ने आवेदन किया.
मनोविज्ञान में चार, समाजशास्त्र में एक, उर्दू में दो और जंतु विज्ञान में छह अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था.
तीन विषयों में अभी तक नहीं पहुंचा एक भी पूरा आवेदन
पीएचडी की 296 सीटों के मुकाबले अब तक 232 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया है. हालांकि वनस्पति विज्ञान, वाणिज्य और भौतिकी विषय में अभी तक एक भी विद्यार्थी का पूरा आवेदन दर्ज नहीं हुआ है.
विश्वविद्यालय के अनुसार इन विषयों में कुछ अभ्यर्थियों ने आवेदन की प्रक्रिया शुरू की है, लेकिन उन्होंने अब तक आवेदन शुल्क का भुगतान नहीं किया है. शुल्क भुगतान नहीं होने के कारण उनके आवेदन को पूर्ण आवेदन के रूप में नहीं माना गया है.
ऐसे में इन विषयों में भी दोबारा आवेदन प्रक्रिया शुरू होने के बाद अभ्यर्थियों की संख्या बढ़ सकती है.
296 सीटों के लिए अब बढ़ेगा मुकाबला
विश्वविद्यालय में 18 विषयों में कुल 296 सीटें उपलब्ध हैं. पहले चरण में 232 आवेदन आने के बाद अब UGC-NET और CSIR-NET के नये सफल अभ्यर्थियों को मौका मिलने से इन सीटों के लिए प्रतिस्पर्धा बढ़ने की संभावना है.
खासकर उन अभ्यर्थियों के लिए यह मौका महत्वपूर्ण है, जिन्होंने हाल में UGC-NET या CSIR-NET क्वालिफाई किया है और पहले आवेदन की अवधि समाप्त होने के कारण पीएचडी प्रवेश प्रक्रिया में शामिल नहीं हो सके थे.
Munger University PhD Admission: अभ्यर्थियों को अब किसका इंतजार
मुंगेर विश्वविद्यालय की ओर से दोबारा आवेदन शुरू करने को लेकर जल्द ही सूचना जारी की जाएगी. इस अधिसूचना में आवेदन की तारीख और प्रक्रिया से जुड़ी जरूरी जानकारी दी जाएगी.
अभ्यर्थियों के लिए जरूरी होगा कि वे विश्वविद्यालय की आधिकारिक सूचना जारी होने के बाद पात्रता, विषयवार सीट और आवेदन से संबंधित सभी निर्देशों को ध्यान से देखें. विशेष रूप से UGC-NET, CSIR-NET अथवा GATE से जुड़ी अनिवार्यता को ध्यान में रखते हुए आवेदन करना होगा.
