मुंगेर से वीरेंद्र कुमार सिंह की रिपोर्ट
Munger Jail : मुंगेर मंडलकारा में बंद एक विचाराधीन बंदी की शुक्रवार को इलाज के दौरान मौत हो गई. मृतक की पहचान खड़गपुर थाना क्षेत्र के दरियापुर निवासी मनीष कुमार के रूप में हुई है. घटना के बाद जेल प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया. वहीं, सदर अस्पताल पहुंचे परिजनों ने जेल प्रशासन पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है.
छत से कूदने की आशंका, अस्पताल में तोड़ा दम
प्राप्त जानकारी के अनुसार शुक्रवार सुबह मनीष कुमार किसी तरह जेल की छत पर पहुंच गया और वहां से छलांग लगा दी. ऊंचाई से गिरने के कारण वह गंभीर रूप से घायल हो गया. घटना की जानकारी मिलते ही जेल प्रशासन ने उसे तत्काल इलाज के लिए मुंगेर सदर अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उपचार शुरू किया. हालांकि इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई.
भाई की हत्या के आरोप में था न्यायिक हिरासत में
बताया जाता है कि मनीष कुमार अपने ही भाई की हत्या के आरोप में गिरफ्तार किया गया था और न्यायिक हिरासत में मुंगेर मंडलकारा में बंद था. घटना के बाद जेल प्रशासन ने मामले की सूचना पुलिस को दी. पुलिस मौके पर पहुंची और कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया.
जेल प्रशासन कर रहा मामले की जांच
जेल प्रशासन इस बात की जांच में जुट गया है कि बंदी किन परिस्थितियों में जेल की छत तक पहुंचा और उसने यह कदम क्यों उठाया. घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था और निगरानी को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं.
परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
Munger Jail : सदर अस्पताल पहुंचे मृतक के परिजनों ने जेल प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाते हुए पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है. उनका कहना है कि घटना की निष्पक्ष जांच से ही सच्चाई सामने आ सकेगी.
पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा खुलासा
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल समेत अन्य जांच रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का स्पष्ट पता चल सकेगा. फिलहाल पुलिस और जेल प्रशासन सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए मामले की जांच कर रहे हैं.
