प्रसव केंद्र में टीकाकरण की व्यवस्था नहीं होने पर भड़के सीएस, दिये निर्देश

सिविल सर्जन डॉ विनोद कुमार सिन्हा ने सोमवार को प्रसव केंद्र पहुंचकर वहां के कार्यों का निरीक्षण किया.

इन्क्वास को लेकर सिविल सर्जन ने किया प्रसव केंद्र का औचक निरीक्षण

मुंगेर. इन्क्वास की तैयारियों को लेकर पिछले दिनों हुई बैठक के दौरान प्रसव केंद्र में असेसमेंट लिस्ट के अनुसार कार्य नहीं होने की जानकारी मिलने के बाद सिविल सर्जन डॉ विनोद कुमार सिन्हा ने सोमवार को प्रसव केंद्र पहुंचकर वहां के कार्यों का निरीक्षण किया. इस दौरान प्रसव केंद्र में आशा व ममताओं के अधिक दखल को लेकर सिविल सर्जन ने इसपर रोक लगाने का निर्देश दिया. साथ ही प्रसव केंद्र इंचार्ज को कार्य में सुधार को लेकर कई निर्देश दिये. इस दौरान उनके साथ नेत्र चिकित्सक डॉ रईस तथा अस्पताल प्रबंधक मो. तौसिफ हसनैन थे.

बता दें कि सदर अस्पताल के सात विभागों के इन्क्वास सर्टिफिकेट हासिल करने लिए स्टेट असेसमेंट को लेकर आवेदन कर दिया गया है. वहीं 12 मार्च को इन्क्वास की तैयारियों को लेकर सभी विभागों के साथ बैठक की गयी थी. जिसमें प्रसव केंद्र में मानक अनुरूप कार्य नहीं होने पर सिविल सर्जन ने संबंधित वार्ड इंचार्ज को कड़ी फटकार भी लगायी थी. इसके बाद सोमवार को सिविल सर्जन प्रसव केंद्र पहुंचे. जहां उन्होंने ड्यूटी पर तैनात चिकित्सक डॉ गुलनाज से प्रसव केंद्र के कार्यों की जानकारी ली. साथ ही वार्ड इंचार्ज से गर्भवतियों और प्रसुताओं के डाटा तैयार किये जाने से संबंधित जानकारी ली. इस दौरान मरीजों को पीला पर्ची नहीं दिये जाने पर सिविल सर्जन ने हिदायत दी कि मरीज से संबंधित सभी दस्तावेज मरीज को उपलब्ध करायें. वहीं वार्ड में आशा व ममता के अधिक दखल की शिकायत के बाद सिविल सर्जन ने कड़ी चेतावनी देते हुये निर्देशित किया कि आशा व ममता केवल गर्भवतियों को भर्ती करायेंगी. जबकि उसके अतिरिक्त वार्ड में आशा व ममताओं को अनावश्यक रूप से नहीं होना है.

पर्याप्त मात्रा में जीरो डोज का सभी टीका उपलब्ध रखें : डॉ विनोद कुमार

मुंगेर.

निरीक्षण के दौरान सिविल सर्जन ने प्रसव केंद्र में भर्ती गर्भवतियों से बात की. इस दौरान उन्होंने गर्भवतियों और उनके परिजनों से वार्ड में पैसों की मांग किये जाने के बारे में भी पूछा गया. निरीक्षण के क्रम में प्रसव केंद्र में नवजातों के टीकाकरण की व्यवस्था नहीं होने पर सिविल सर्जन बुरी तरह भड़क गये. उन्होंने कहा कि बर्थ डोज अर्थात नवजातों को जन्म के बाद बीसीजी सहित अन्य टीका लगाया जाना है. टीकाकरण केंद्र सुबह खुलता है. ऐसे में रात के समय होने वाले नवजातों के टीकाकरण के लिए सुबह तक इंतजार नहीं किया जाना है. इसके लिए वार्ड में पर्याप्त मात्रा में जीरो डोज का सभी टीका उपलब्ध रखें.

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By AMIT JHA

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