जर्जर सड़कों के कारण मुंगेर में नहीं शुरू हो पा रही कैब सेवा, नहीं मिल पा रही लोगों को सुविधा

टैक्सी सेवाएं उपलब्ध कराने वाली कंपनियों ने कोई दिलचस्पी नहीं ली

– ओला, उबर, रैपिडो ने कहा है सड़कों की सर्वे के बाद प्रीपेड बाइक व टैक्सी सेवाएं शुरू करने पर करेंगे अमल

मुंगेर

परिवहन विभाग ने लोगों की सुविधा के लिए बिहार के 9 जिलों में कैब सेवा शुरू करने का निर्णय लिया था. इसे लेकर एग्रीगेटर कंपनियों के प्रतिनिधियों के साथ कई दौर में ऑन लाइन बैठक भी हुई. लेकिन मुंगेर की बदहाल सड़कों के कारण प्रीपेड बाइक और टैक्सी सेवाएं उपलब्ध कराने वाली कंपनियों ने कोई दिलचस्पी नहीं ली. हद तो यह है कि एग्रीगेटर कंपनियों के प्रतिनिधियों ने सड़कों का सर्वे करने के बाद प्रीपेड बाइक व टैक्सी सेवाएं शुरू करने पर निर्णय लेने की बात कह इस योजना को टाल दिया है.

जर्जर सड़कों ने मुंगेर के लोगों से छिनी कैब सेवाएं

जिले में प्रीपेड बाइक व टैक्सी सेवा उपलब्ध कराने को लेकर एग्रीगेटर कंपनी ओला, उबेर, रैपिडो और सवारी मिथिला के प्रतिनिधियों के साथ जिला परिवहन पदाधिकारी ने बैठक की थी. जिसमें कंपनी के प्रतिनिधियों ने साफ कर दिया कि कंपनी खुद अपने स्तर से शहर का मुआयना कर सर्वे करेंगी कि सड़कों की स्थिति क्या है और इस व्यवसाय के लिए यह शहर कितना सही है. सड़कों का सर्वे के बाद ही एग्रीगेटर कंपनी अपनी कैब सेवा आरंभ करने का निर्णय लेंगी. जिसके बाद से इस सेवा के आरंभ होने पर संकट उत्पन्न हो गया. क्योंकि सिवरेज व पेयजलापूर्ति योजना के तहत मुंगेर शहर की सड़कों की खुदाई की गयी. जिसके बाद शहर की 95 प्रतिशत सड़कों की स्थिति आज भी बदहाल है. मुंगेर शहर में गड्ढों में वाली सड़कों के कारण ही आज यह सेवा यहां प्रारंभ नहीं हो पाया है.

मोबाइल पर किराया पर टैक्सी की मिलती सुविधा

उपभोक्ताओं को मोबाइल पर एग्रीगेटर सर्विस उपलब्ध होने से किराए पर टैक्सी / कैब का उपयोग करने से उपयोगकर्ता के मन में संशय नहीं रहेगा. साथ ही साथ टैक्सी सेवा प्रदाता चिंता एवं संशय से मुक्त रहते हैं कि उनके वाहन का उपयोग रजिस्ट्रर्ड पर्सन द्वारा किया जा रहा है. इस तरह से यह दोनों (उपयोगकर्ता एवं सेवाप्रदाता) के लिए उपयोगी है. इस सुविधा के उपलब्ध होने पर उपयोगकर्ता कहीं भी किसी भी समय अपने मोबाइल से किराया पर टैक्सी व बाइक की सुविधा ले सकते हैं. लेकिन मुंगेर इस सेवा से अछूता रह गया है.

सुविधा के साथ रोजगार का भी होता सृजन

कैब सेवा देने वाली कंपनियां मुंगेर शहर में अपनी प्रीपेड बाइक और टैक्सी सेवाएं करने वाली थी. ताकि इस जिले के नागरिक सहित अन्य शहरों में भी परिवहन सुविधाओं का लाभ उठा सकें. ओला, उबर, सवारी मिथिला की और रैपिडो जैसी कंपनियों की सेवा मिलने से यात्रियों की सुविधा बढ़ती एवं रोजगार का भी सृजन भी होता. लेकिन इस सेवाओं के आरंभ नहीं होने से रोजगार का एक बड़ा माध्यम भी मुंगेर के बेरोजगारों से छीन गया.

कहते हैं जिला परिवहन

पदाधिकारी

जिला परिवहन पदाधिकारी सुरेंद्र कुमार अलवेला ने बताया कि एग्रीगेटर कंपनी के साथ पिछले दिनों ऑनलाइन मीटिंग हुई थी. जिसमें ओला, उबर, रैपिडो के प्रतिनिधियों ने भाग लिया था. जिसने शहर की सड़कों का सर्वे के बाद ही कैब सेवा आरंभ करने का निर्णय लेने की बात कहीं है. जब तक इन कंपनियों द्वारा सर्वे पूरा नहीं कर लिया जाता है,तब तक कैब सेवा प्रारंभ कब होगी यह कहना उचित नहीं होगा.

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By Prabhat khabar news desk

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