मुंगेर के जमालपुर से विजय कुमार गुप्ता की रिपोर्ट : मुंगेर जिले के जमालपुर प्रखंड में राष्ट्रीय जनगणना 2026 के प्रथम चरण के तहत मकान गणना का कार्य लगभग पूरा हो चुका है. प्रशासनिक आंकड़ों के अनुसार अब तक 95.55 प्रतिशत डेटा ऑनलाइन सबमिट किया जा चुका है. हालांकि इस बीच जनगणना में पूछे जाने वाले सवालों और नल-जल योजना को लेकर शहर में कई तरह की चर्चाएं भी होती रहीं. प्रशासन ने इन आरोपों को पूरी तरह निराधार बताया है.
247 प्रगणकों में 236 ने जमा किया डेटा
जनगणना कार्य को पूरा करने के लिए जमालपुर प्रखंड में कुल 247 प्रगणकों की नियुक्ति की गई थी. इनमें से 236 प्रगणकों ने अपना रिपोर्ट ऑनलाइन सबमिट कर दिया है. प्रशासन का दावा है कि शेष कार्य भी जल्द पूरा कर लिया जाएगा. अधिकारियों के अनुसार मकान गणना का काम शांतिपूर्ण और व्यवस्थित तरीके से चल रहा है.
34 सवालों में ‘नल-जल योजना’ को लेकर हुई चर्चा
सूत्रों के अनुसार मकान गणना के दौरान पूछे जाने वाले 34 सवालों में पीने के पानी के स्रोत को लेकर चर्चा तेज रही. शहर में यह बात फैल गई कि एक अधिकारी द्वारा नल-जल योजना को प्राथमिकता देने का संकेत दिया गया था. हालांकि प्रगणकों और सुपरवाइजरों द्वारा इसका विरोध किए जाने की भी चर्चा रही. बावजूद इसके किसी ने आधिकारिक तौर पर इस तरह का आरोप नहीं लगाया.बीडीओ ने बताया आरोपों को मनगढ़ंत
इस मामले में जब जमालपुर के प्रखंड विकास पदाधिकारी डॉ प्रभात रंजन से सवाल किया गया तो उन्होंने इन चर्चाओं को पूरी तरह बेबुनियाद और मनगढ़ंत बताया. उन्होंने कहा कि जहां नल-जल योजना चालू है वहां जिन लोगों को इसका लाभ मिल रहा है, वे स्वाभाविक रूप से उसी को अपने पीने के पानी का स्रोत बताएंगे. वहीं अन्य लोग निजी हैंडपंप या कुएं का उपयोग करते हैं.
