मुंगेर : मुंगेर के बड़े राजासाहेब ठाकुरवाड़ी प्रेम मंदिर में तेरह दिनों तक चलने वाले झूलन महोत्सव के चौथे दिन भक्ति रस की गंगा में श्रद्धालु गोते लगाते रहे. मनमोहक रूप से सजाया गया प्रेम मंदिर श्रद्धालुओं के आकर्षण का तो केंद्र रहा ही, वहीं शहर के कई ख्याति प्राप्त प्रतिष्ठित एवं लोकप्रिय कलाकारों की भजनों की प्रस्तुति पर वे तालियां बजाने पर भी मजबूर हुए. कार्यक्रम की शुरुआत श्री राधेकृष्ण की पूजा अर्चना के साथ हुई. गायक अजय ने वंशी बजा के मेरी निंदिया चुराई, सांवला सलोना मेरा कृष्ण कन्हाई भजन की प्रस्तुति कर माहौल को भक्तिपूर्ण बना दिया.
गायक चंद्रशेखर ने देखो सखी बरसन को आज बदरा भजन गा कर श्रद्धालुओं को तालियां बजाने पर मजबूर किया. लोकप्रिय गायक विश्वकर्मा जी के भजन के बोल थे, गरजत-बरसत बदरा रे कारे-कारे. वहीं गायक परशुराम एवं शंकर द्वारा भी कर्णप्रिय एवं भक्तिपूर्ण भजनों की प्रस्तुति के कारण श्रद्धालु देर रात्रि तक वहां जमा रहे. उल्लेखनीय है कि कई दशकों से प्रेम मंदिर में झूलन महोत्सव के अवसर पर प्रेम मंदिर में गीत भजन का आयोजन किया जाता रहा है, जिसमें शास्त्रीय संगीत के श्रोता व श्रद्धालु जुटते हैं. इस मौके पर मंदिर के सेवायत शरद सिंह मुख्य रूप से मौजूद थे.
