एक दिन का कटा वेतन, मांगा गया स्पष्टीकरण
मुंगेर. जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा 17 सितंबर से स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार कार्यक्रम का आयोजन किया गया है, जो 2 अक्तूबर तक चलेगा. इस बीच 24 सितंबर को सिविल सर्जन डॉ रामप्रवेश प्रसाद ने समीक्षा के क्रम में कार्यक्रम के दौरान शून्य स्क्रीनिंग एवं रि-स्क्रीनिंग करने वाले 82 स्वास्थ्य केंद्रों के कर्मियों से स्पष्टीकरण पूछते हुये एक दिन का वेतन रोक दिया है. जिसके लिए सिविल सर्जन ने संबंधित प्रखंडों के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी को पत्र भेजकर निर्देश दिया है.सिविल सर्जन द्वारा पत्र में कहा गया है कि स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार अभियान के तहत 17 सितंबर से दो अक्तूबर तक स्पेशल कैंप का आयोजन किया जा रहा है, लेकिन राज्य स्तर पर इस कार्यक्रम के दौरान एनसीडी स्क्रीनिंग एवं रि-स्क्रीनिंग में मुंगेर की रैंकिंग अच्छी नहीं है. 24 सितंबर को वीसी के माध्यम से उनके द्वारा इसे लेकर की गयी समीक्षा बैठक में सभी को निर्देशित किया गया था कि अधिक से अधिक एनसीडी स्क्रीनिंग एवं रि-स्क्रीनिंग करना सुनिश्चित करेंग, लेकिन कुछ हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर द्वारा शून्य एनसीडी स्क्रीनिंग एवं रि-स्क्रीनिंग किया गया. जो अत्यंत खेदजनक है. ऐसे में सभी 82 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के कर्मी अपना स्पष्टीकरण प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी के माध्यम से उपलब्ध कराना सुनिश्चित करेंगे. साथ ही तत्काल संंबंधित एचडब्ल्यूसी के सभी कर्मियों का उक्त दिवस का मानदेय अथवा भुगतान अवरूद्ध किया गया है. स्पष्टीकरण संतोषजनक पाये जाने के बाद ही मानेदय अथवा भुगतान की जायेगी. बता दें कि सिविल सर्जन द्वारा जिन 82 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर कर्मियों से स्पष्टीकरण पूछते हुए एक दिन का वेतर रोका गया है. उसमें असरगंज के आठ, बरियारपुर के एक, धरहरा के 18, जमालपुर के तीन, हवेली खड़गपुर के 15, मुंगेर सदर के 13, संग्रामपुर करे 11, तारापुर के पांच तथा टेटियाबंबर प्रखंड के नौ हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर शामिल हैं.
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