छठे वेतन की मांग
मुंगेर : नगर निगम प्रशासन से समझौता के बावजूद सफाइकर्मियों के मांगों पर अमल नहीं किये जाने के विरोध में शुक्रवार को सफाइकर्मियों ने आवाज बुलंद किया और 18 मई से आमरण अनशन एवं हड़ताल करने का निर्णय लिया. कर्मचारी संघ के महामंत्री ब्रह्मदेव महतो के नेतृत्व में आयोजित बैठक में सफाइकर्मियों ने निगम प्रशासन मुरदाबाद के नारे लगाये. साथ ही छठा वेतन, पेंशन, सेवांत लाभ, अंतर वेतन, साबुन, वरदी, पदोन्नति का लाभ देने की मांग की. महामंत्री ने कहा कि 1 अप्रैल 2016 को निगम प्रशासन से समझौता वार्ता में कहा गया था कि कर्मचारियों के लंबित मांगों का शीघ्र निबटारा किया जायेगा.
जिसके आलोक में 4 अप्रैल 2016 को कार्यालय आदेश निकाला गया. बावजूद निगम प्रशासन द्वारा टाल-मटोल की नीति अपनायी गयी और आजतक किसी प्रकार का लाभ सफाइकर्मियों को नहीं मिल पाया. जबकि विभाग द्वारा निगम को आवंटन प्राप्त हो चुका है.
उन्होंने कहा कि यदि 17 मई तक निगम द्वारा लंबित वेतन का भुगतान नहीं किया जाता है तो 18 मई से सफाइकर्मी आमरण अनशन व हड़ताल करेंगे. प्रधान सचिव के निर्देश के बावजूद कर्मियों को पदोन्नति का लाभ नहीं दिया जा रहा है. उन्होंने कहा कि सफाइकर्मियों के मांगों को आगामी 24 मई को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के आगमन पर भी रखा जायेगा. मौके पर कारेलाल, शनिचर राउत, दशरथ यादव, प्रकाश यादव, रेणु देवी, दुलारी देवी, श्रीमति देवी, मंजु देवी सहित दर्जनों सफाइकर्मी उपस्थित थे.
