मुंगेर : राज्य सरकार द्वारा कपड़े पर टैक्स लगाने के विरोध में बिहार टेक्स्टाइल चैंबर ऑफ कॉमर्स के तत्वावधान में आयोजित बंदी का मुंगेर में व्यापक असर रहा और रविवार को मुंगेर मुख्यालय सहित जिले के सभी बाजार में कपड़े की दुकानें बंद रही. इधर कपड़ा व्यवसायियों ने चौक बाजार में धरना देकर आंदोलन को शत-प्रतिशत सफल बताया. आज के बंदी में रेडिमेड की दुकानें भी बंद रही.
तीसरे दिन भी बंद रहीं कपड़े की दुकानें
मुंगेर : राज्य सरकार द्वारा कपड़े पर टैक्स लगाने के विरोध में बिहार टेक्स्टाइल चैंबर ऑफ कॉमर्स के तत्वावधान में आयोजित बंदी का मुंगेर में व्यापक असर रहा और रविवार को मुंगेर मुख्यालय सहित जिले के सभी बाजार में कपड़े की दुकानें बंद रही. इधर कपड़ा व्यवसायियों ने चौक बाजार में धरना देकर आंदोलन को […]

कपड़े पर टैक्स के विरोध में टेक्स्टाइल व्यापारी पूरी तरह एकजुट है. व्यवसायियों के तीन दिवसीय बंदी के दौरान मुंगेर में करोड़ों का कारोबार प्रभावित हुआ. रविार को कपड़ा व्यवसायी के समर्थन में रेडिमेड होजियारी के व्यवसायियों ने भी सड़क पर उतर कर प्रदर्शन किया. जिसके कारण मुंगेर में आज हर प्रकार की कपड़े की दुकानें बंद रही.
आंदोलन के संयोजक राजकुमार खेमका एवं टेक्स्टाइल उप समिति के चेयरमैन संजय चामडि़यां ने हड़ताल को सफल बताते हुए कहा कि बुनियादी सामग्रियों पर कर लगाना जन विरोधी है. व्यापारियों ने अपने हाथों में तख्तियां लेकर जुलूस निकाला और शहर में प्रदर्शन किया. जबकि चौक बाजार में धरना दिया. जिसमें चैंबर के सचिव प्रभात कुमार, अशोक तुलसियान, उमेश रजगढ़िया, सुशील कुमार खेमका, आलोक सर्राफ, मनोज गुप्ता, विशाल कुमार सहित अन्य व्यवसायी शामिल थे.