इस्लामिक कैलेंडर का नया साल शुरू होने के साथ मुहर्रम की तैयारी शुरू हो गयी है. 17 जुलाई को यौम-ए-आशुरा मनाया जाएगा.
By Prabhat Khabar News Desk | Updated at :
मोतिहारी.इस्लामिक कैलेंडर का नया साल शुरू होने के साथ मुहर्रम की तैयारी शुरू हो गयी है. 17 जुलाई को यौम-ए-आशुरा मनाया जाएगा. आठ जुलाई पहली तारीख थी. नौ जुलाई दूसरी व दस जुलाई तीसरी तारीख होगी और इसी तरह से आगे बढ़ेगी. यानी इस्लामिक कैलेंडर की 1446 वी हिजरी चल रही है. 17 जुलाई को मुहर्रम जिलेवासी मनायेंगे. इससे पहले शहर के ज्ञानबाबू चौक स्थित इमामबारा में मजलिसों का दौर शुरू हो गया है. पैगंबर-ए- इस्लाम के नवासे इमाम हुसैन की याद में मजलिस हो रही है और अकीदतमंद मातम कर रहे हैं.करबला की जंग में हुई शहादत को याद कर आखें नम हो जा रही है. चांद की तस्दीक होने के बाद 2 महीना आठ दिन तक अकीदतमंद मुहर्रम मनाते हैं.
आकर्षक ताजिया बनाने में जुटे कलाकार
इस बीच कलाकार आकर्षक ताजिया भी तैयार करने लगे हैं. मुहल्लों से ताजिया जुलूस निकालने वाले कमेटियां भी पूरी तरह से सक्रीय हो गयी है. शहरा के अमला पट्टी,चीक पट्टी,अगरवा,खोदा नगर,मठिया,सहित कई मुहल्लों से जुलूस निकालने की परंपरा रही है. इसके लिए प्रशासन से लोग अनुमति लेते हैं और निर्धारित रूट के साथ जुलूस आगे बढ़ता है.
डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।