Madhubani News: जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति यानी दिशा की सोमवार को आयोजित बैठक में जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक समेत कई अधिकारियों के अनुपस्थित रहने का मामला तूल पकड़ गया. बैठक में घंटों इंतजार के बाद भी डीएम, एसपी और कई अन्य अधिकारी नहीं पहुंचे. इससे नाराज सांसद, विधायक और अन्य जनप्रतिनिधियों ने बैठक का बहिष्कार कर दिया. इसके बाद परिसदन में सांसद आरपी मंडल, सांसद डॉ. अशोक कुमार यादव, विधायक सुधांशु शेखर, एमएलसी घनश्याम ठाकुर समेत अन्य जनप्रतिनिधियों ने प्रेस वार्ता कर नाराजगी जतायी.
केंद्रीय मंत्री को लिखा पत्र
बैठक में डीएम और एसपी के अनुपस्थित रहने के मामले को लेकर दिशा के पदेन अध्यक्ष सह सांसद रामप्रीत मंडल ने ग्रामीण विकास विभाग, भारत सरकार के मंत्री को पत्र लिखा है. पत्र में उन्होंने कहा है कि वर्तमान जिलाधिकारी के मधुबनी में डीएम के पद पर रहने तक वे किसी भी बैठक में शामिल नहीं होंगे.
सांसद ने वर्तमान डीएम की कार्यशैली पर भी सवाल उठाये. उन्होंने आरोप लगाया कि डीएम की मंशा जनप्रतिनिधियों को अपमानित करने की रही है. सांसद के अनुसार, डीएम जनप्रतिनिधियों का फोन नहीं उठाते हैं और मिलने जाने पर उनका मोबाइल तक बाहर रखवा लिया जाता है.
दिशा की बैठक में घंटों इंतजार करते रहे जनप्रतिनिधि
रामप्रीत मंडल ने कहा कि दिशा की बैठक विकास योजनाओं की समीक्षा के लिहाज से महत्वपूर्ण होती है. इसमें केंद्र और राज्य सरकार की ओर से संचालित योजनाओं की समीक्षा की जाती है, ताकि योजनाओं का लाभ पारदर्शिता के साथ लोगों तक पहुंचाया जा सके.
उन्होंने कहा कि सोमवार को निर्धारित बैठक में जनप्रतिनिधि समय पर पहुंचे, लेकिन घंटों इंतजार करने के बावजूद डीएम, एसपी और कई विभागों के अभियंता नहीं पहुंचे. ऐसे में बैठक का औचित्य ही समाप्त हो गया.
डीएम-एसपी की उपस्थिति को बताया जरूरी
सांसद ने अपने पत्र में कहा है कि हर महीने होने वाली दिशा की बैठक में डीएम और एसपी की उपस्थिति जरूरी है. उनके अनुपस्थित रहने से विभिन्न विभागों के बीच समन्वय प्रभावित होता है और विकास योजनाओं के क्रियान्वयन में भी बाधा आती है.
उन्होंने पूरे मामले की जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई करने की मांग की है.
प्रेस वार्ता में कई जनप्रतिनिधि रहे मौजूद
परिसदन में आयोजित प्रेस वार्ता में सांसद डॉ. अशोक कुमार यादव, विधायक सुजीत पासवान, सुधांशु शेखर, विधान परिषद सदस्य घनश्याम ठाकुर, डॉ. संजीव कुमार झा, सइदा बानो, अविनाश सिंह गौड़, सोनी कुमारी समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे.
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