मामला टीबी मुक्त भारत अभियान में निर्धारित लक्ष्य पूरा नही करने
प्रतिनिधि, मधुबनी
स्वास्थ्य संस्थानों की ओर से स्क्रीनिंग के निर्धारित लक्ष्य में कोताही बरतने का मामला सामने आया है. सिविल सर्जन डॉ हरेंद्र कुमार ने मामले में बॉटम -5 के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, बीएचएम, बीसीएम, एसटीएस व एसटीएलएस से जवाब - तलब किया है. इसके साथ ही सभी प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारियों सहित कर्मियों के वेतन भुगतान पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है. सिविल सर्जन टीबी स्क्रीनिंग की लगातार मानिटरिंग रहे हैं. इस क्रम में 2 से 9 जुलाई तक अभियान के तहत किये गये टीबी स्क्रीनिंग समीक्षा के दौरान 5 संस्थानों की उपलब्धि सबसे निचले पायदान पर रहा. इसमें प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, कलुआही, बाबूबरही, बेनीपट्टी, खुटौना व लौकही शामिल हैं. सीएस ने कहा कि कार्य में लापरवाही करने पर प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी, प्रखंड प्रबंधक, प्रखंड सामुदायिक उत्प्रेरक, एसटीएस व एसटीएलएस, प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, कलुआही, बाबूबरही, बेनीपट्टी, खुटौना एवं लौकही से स्पष्टीकरण में पत्र प्राप्ति के दो दिनों के अंदर कार्यालय को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है. कहा कि किस परिस्थिति में आपके संस्थान की उपलब्धि निचले पायदान पर है. स्पष्टीकरण का जवाब प्राप्त होने एवं उस पर समुचित निर्णय लिये जाने तक वेतन व मानदेय को अवरूद्ध किया है.
बॉटम -5 संस्थान प्रखंड लक्ष्य स्क्रीनिंग
कलुआही 2,000। 1,586 बाबूबरही 2,400। 1,815
बेनीपट्टी 3,000। 2,170 खुटौना 2,400। 1,642
लौकही 2.400 1,529
