Youngest Author: भूटान एजुकेशनल रिसर्च विभाग के सहयोग से आयोजित द्वितीय अंतरराष्ट्रीय उपलब्धि सम्मान 2025 में झंझारपुर के युवा साहित्यकार आदर्श भारद्वाज को विश्व के सबसे कम उम्र के लेखक के सम्मान से नवाजा गया है. यह सम्मान करीब 10 माह बाद भारत पहुंचा है.
साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में योगदान के लिए मिला सम्मान
आदर्श भारद्वाज ने कम उम्र में साहित्य, शिक्षा, बाल साहित्य, सांस्कृतिक चेतना और मानवीय मूल्यों के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किया है. उनकी पुस्तकों ने बच्चों और युवाओं को पढ़ने, सोचने और सृजनात्मक लेखन की ओर प्रेरित किया है. भारतीय संस्कृति, साहित्य और ज्ञान परंपरा को अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने के उनके प्रयासों को देखते हुए उन्हें यह सम्मान प्रदान किया गया.
देशवासियों को समर्पित की उपलब्धि
आदर्श भारद्वाज ने अपनी इस उपलब्धि को भारत के 140 करोड़ लोगों को समर्पित किया. उन्होंने कहा कि यह सम्मान उन सभी बच्चों, युवाओं, शिक्षकों, अभिभावकों और साहित्य प्रेमियों का है, जो शिक्षा और राष्ट्र निर्माण में विश्वास रखते हैं.
उन्होंने भूटान सरकार, वहां के शैक्षणिक एवं शोध संस्थानों तथा आयोजन समिति के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि भारतीय बाल प्रतिभा को सम्मान देकर भारत और भूटान के बीच मित्रता तथा सांस्कृतिक सहयोग को और मजबूत किया गया है.
भारत-भूटान सहयोग का प्रतीक
आदर्श ने कहा कि यह सम्मान दोनों देशों के बीच ज्ञान, शिक्षा और युवा प्रतिभाओं के आदान-प्रदान का प्रेरणादायी प्रतीक है. इससे भारतीय युवा प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान मिलेगी.
माता-पिता ने जताई खुशी
आदर्श भारद्वाज के माता-पिता डॉ. सुविन्द्र झा और सुधा झा ने कहा कि यह उपलब्धि देश के लाखों बच्चों को बड़े सपने देखने, निरंतर सीखने और अपनी प्रतिभा के बल पर भारत का नाम विश्व स्तर पर ऊंचा करने की प्रेरणा देगी.
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