मधुबनी: डीसीएलआर प्रशांत कुमार ने शुक्रवार को बेनीपट्टी अंचल कार्यालय का औचक निरीक्षण किया. इस दौरान उन्होंने कार्यालय के विभिन्न अभिलेखों की गहन जांच की और संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों को कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिये.
8,799 आवेदनों में 7,512 का हुआ निष्पादन
डीसीएलआर ने परिमार्जन के तहत प्राप्त डिजिटलाइज्ड जमाबंदी में सुधार और लेफ्ट-आउट जमाबंदी को ऑनलाइन दर्ज करने के आवेदनों की समीक्षा की. समीक्षा के दौरान पाया गया कि डिजिटलाइज्ड जमाबंदी में सुधार के लिए कुल 8,799 आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से 7,512 मामलों का निष्पादन किया जा चुका है.
वहीं, लेफ्ट-आउट जमाबंदी को ऑनलाइन दर्ज करने के लिए प्राप्त 888 आवेदनों की स्थिति चिंताजनक पायी गयी. इन 888 आवेदनों में से एक का भी निष्पादन नहीं हुआ था और निष्पादन दर शून्य थी.
888 लंबित आवेदनों पर तलब किया स्पष्टीकरण
लेफ्ट-आउट जमाबंदी के आवेदनों के निष्पादन की स्थिति पर भूमि सुधार उपसमाहर्ता ने कड़ा रुख अपनाया. उन्होंने जिम्मेदार पदाधिकारियों और राजस्व कर्मचारियों से स्पष्टीकरण तलब किया है.
साथ ही, नियमानुसार इन सभी आवेदनों का शीघ्र निष्पादन करने का सख्त निर्देश दिया.
इ-मापी के 24 आवेदन भी मिले लंबित
निरीक्षण के दौरान अंचल कार्यालय में इ-मापी से संबंधित 24 आवेदन भी लंबित पाये गये. डीसीएलआर ने इ-मापी के लंबित मामलों का त्वरित निपटारा करने और राजस्व महाभियान के तय लक्ष्यों को निर्धारित समय सीमा के भीतर पूरा करने का निर्देश दिया.
मौके पर राजस्व अधिकारी गणेश कुमार साहू, राजस्व कर्मचारी ध्रुव कुमार मंडल सहित अंचल कार्यालय के कई अन्य कर्मी मौजूद थे.
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