प्रतिवर्ष 54 लाख लोगों की मौत तंबाकू सेवन से : डीएम
मधुबनी : बांकू नियंत्रणअधिनियम (कोटपा ) 2003 के प्रावधान के आलोक में सोमवार को समाहरणालय के सभागार में जिला स्तरीय संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया. इसमें डीएम गिरिवर दयाल सिंह ने कहा कि तंबाकू सेवन स्वास्थय के लिए न केवल हानिकारक है बल्कि इससे कैंसर जैसे भयानक बीमारी के होने का खतरा बना रहता […]
मधुबनी : बांकू नियंत्रणअधिनियम (कोटपा ) 2003 के प्रावधान के आलोक में सोमवार को समाहरणालय के सभागार में जिला स्तरीय संवेदीकरण कार्यशाला का आयोजन किया गया. इसमें डीएम गिरिवर दयाल सिंह ने कहा कि तंबाकू सेवन स्वास्थय के लिए न केवल हानिकारक है बल्कि इससे कैंसर जैसे भयानक बीमारी के होने का खतरा बना रहता है.
उन्होंने कहा कि एक आकड़े के अनुसार तंबाकू सेवन से विश्व में प्रतिवर्ष 54 लाख लोगों की मृत्यु होती है. विश्व में मुंह से संबंधित कैंसर के रोगियों की संख्या सर्वाधिक भारत में है. इससे 90 प्रतिशत मुंह के कैंसर तंबाकू सेवन से होता है. डीडीसी हाकिम प्रसाद ने कहा कि भारतीय तंबाकू नियंत्रण कानून कोटपा की धारा 4 के तहत सार्वजनिक स्थानों जैसे सरकारी भवन, सार्वजनिक परिवहन, होटल रेस्टोरेंट पार्क, अस्पताल, विद्यालय आदि जगहों पर धूम पान निषेध है.
उल्लघंन करने वालों पर 200 रुपये तक जुर्माना लगाया जा सकता है. तंबाकू उत्पादों के सभी प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष विज्ञापनों पर प्रतिबंध है. उल्लघंन करने वालों पर एक से पांच सालों तक कैद की सजा व एक हजार से पांच हजार रुपये जुर्माना लगाया जा सकता है.
करें शिकायत
धारा 5 एवं 7 के उल्लंघन पर राज्य तथा जिला स्तर पर गठित तंबाकू नियंत्रण कमेटी को रिपोर्ट करने की सलाह कार्यशाला में दी गयी. सिविल सर्जन डॉ नरेंद्र भूषण ने कहा कि 18 वर्ष से कम आयु वर्ग के अवयस्को को तंबाकू पदार्थ बेचना दंडनीय अपराध है. उन्होंने तंबाकू सेवन के छोड़ने के उपाय बताते हुए कहा कि तंबाकू युक्त सारी वस्तुएं अपने पास से हटा दें.
सप्ताह में तंबाकू रहित एक दिन की शुरूआत करें और धीरे धीरे छोड़ दें. ऐसे लोगों से दोस्ती करें जो आपकी आदत छुड़ाने में मदद करें. बैठक में वरीय उपसमाहर्ता पंकज गुप्ता सभी अनुमंडल के एसडीपीओ, सभी बीडीओ, सीड्स के प्रतिनिधि, डॉ निशांत, डीपीएम दयाशंकर निधि सहित कई वरीय पदाधिकारी उपस्थित थे.