स्वच्छ विद्यालय अभियान को झटका, 30 जून तक पूरा करना है काम
मधुबनी : जिले के हाईस्कूलों में स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत बनाये जा रहे शौचालय निर्माण की गति काफी धीमी है. इससे जिले में स्वच्छ भारत अभियान को झटका लगने की आशंका बनी हुई है. 30 जून 2015 तक शौचालयों का निर्माण कार्य पूरा कर लेना था. पर अधिकांश हाई स्कूलों में निर्माण कार्य की गति इतनी धीमी है कि 30 जून 2015 तक शौचालयों का निर्माण कार्य पूरा होने के आसार नजर नहीं आ रहे हैं.
किन स्कूलों में गति धीमी
जिले के हाइ स्कूल डेवढ़, बेलमोहन, हुलासपट्टी, सरौती, घोघरडीहा, ललमनिया, बोलहर, सिसवार, कालापट्टी, जटुलिया, महथा, लदनिया, एकतारा, तिसियाही, उमगांव, बैंगरा, भटचौड़ा, राजनगर और एकम्मा में शौचालय निर्माण की गति काफी धीमी है. कई अन्य हाई स्कूलों में भी शौचालय निर्माण की प्रगति संतोषजनक नहीं है.
बनाना है 48 शौचालय
स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत इस वित्तीय वर्ष में 30 जून 2015 तक 48 शौचालयों का निर्माण किया जाना है. इसमें 43 शौचालय लगभग 95 हजार रुपये प्रति शौचालय की दर से बनना है. शेष इससे कम राशि में बनेगी. लगभग 50 लाख रुपयों की लागत से शौचालय का निर्माणहोना है.
डीएम का आदेश बेअसर
जिला पदाधिकारी गिरिवर दयाल सिंह ने सभी शौचालयों का निर्माण हर हाल में 30 जून तक पूरा करने का निर्देश दिया है. पर इसके बाद भी निर्माण कार्य की गति धीमी है.
निलंबित होंगे कई हेडमास्टर
अगर 30 जून तक स्वच्छ भारत अभियान के अंतर्गत शौचालयों का निर्माण नहीं हुआ तो कई हेडमास्टरों को निलंबित किया जा सकता है. जिला शिक्षा पदाधिकारी श्यामानंद चौधरी ने शौचालय निर्माण में धीमी प्रगति को गंभीरता से लेते हुए कहा है कि समय से निर्माण कार्य पूरा नहीं होने पर हेडमास्टर निलंबित किये जा सकते हैं. हेडमास्टरों की 9 और 10 जून 2015 की बैठक में यह जानकारी मिली थी कि कई स्कूलों में शौचालय का निर्माण कार्य शुरू भी नहीं हुआ है.
