मधेपुरा के ग्वालपाड़ा प्रखंड स्थित ग्वालपाड़ा पश्चिम टोला वार्ड नंबर दो में सोमवार रात 25 वर्षीय युवक की हत्या कर शव धान के खेत में फेंक दिये जाने का मामला सामने आया है. मृतक की पहचान झालो यादव के पुत्र गंगा सागर उर्फ चनचन यादव के रूप में हुई है. मंगलवार सुबह खेत में शव मिलने की सूचना फैलते ही इलाके में सनसनी मच गयी. सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मधेपुरा भेज दिया. वहीं फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल से आवश्यक साक्ष्य जुटाये हैं.
शाम को घर से निकला, फिर नहीं लौटा
मृतक के पिता ने बताया कि गंगा सागर सोमवार शाम घर से निकला था. देर रात तक उसके वापस नहीं लौटने पर परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की, लेकिन उसका कहीं पता नहीं चला.
मंगलवार सुबह ग्रामीणों ने घर से करीब पौने किलोमीटर पश्चिम धान के खेत में युवक का शव पड़ा देखा. ग्रामीणों ने इसकी सूचना परिजनों को दी. जानकारी मिलते ही परिवार के लोग मौके पर पहुंचे और शव को उठाकर घर के दरवाजे पर ले आये.
पुलिस ने शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा
घटना की सूचना मिलते ही ग्वालपाड़ा थानाध्यक्ष संतोष कुमार पुलिस बल के साथ मृतक के घर पहुंचे. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर घटना की जानकारी ली और मृत्यु समीक्षा रिपोर्ट तैयार की. इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए मधेपुरा भेज दिया गया.
थानाध्यक्ष की सूचना पर फॉरेंसिक टीम भी घटनास्थल पर पहुंची. टीम ने घटनास्थल का निरीक्षण कर वहां से संभावित साक्ष्य जुटाये. पुलिस अब हत्या के पीछे के कारणों और घटना में शामिल लोगों का पता लगाने में जुटी है.
तीन भाइयों में सबसे छोटा था गंगा सागर
बताया गया कि गंगा सागर तीन भाइयों में सबसे छोटा था. उसके बड़े भाई बुद्धिसागर की करीब दो वर्ष पहले मौत हो चुकी है, जबकि बीच वाले भाई का नाम शिवसागर है.
परिजनों के अनुसार गंगा सागर की शादी करीब दो वर्ष पहले हुई थी. हालांकि वैवाहिक जीवन अधिक समय तक नहीं चल सका और करीब एक वर्ष बाद उसकी पत्नी अलग होकर दूसरी शादी कर रहने लगी थी.
सौतेली मां का रो-रोकर बुरा हाल
युवक की हत्या की खबर के बाद पूरे टोले में सन्नाटा पसरा हुआ है. मृतक की सौतेली मां रूबी देवी का रो-रोकर बुरा हाल है. परिजनों के करुण क्रंदन से माहौल गमगीन बना हुआ है. बताया गया कि वह बार-बार बेहोश हो जा रही हैं, जिन्हें पानी के छींटे मारकर होश में लाया जा रहा है.
आवेदन मिलने के बाद दर्ज होगी प्राथमिकी
थानाध्यक्ष संतोष कुमार ने बताया कि परिजनों की ओर से अभी तक किसी व्यक्ति पर शक जाहिर नहीं किया गया है और न ही लिखित आवेदन दिया गया है. आवेदन मिलने के बाद प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी.
फिलहाल पुलिस सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर मामले की जांच कर रही है. पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच से भी युवक की मौत से जुड़े अहम सुराग मिलने की उम्मीद है.
