कलश शोभायात्रा के साथ रामपुर में शुरू हुई मां दुर्गा की आराधना551 कन्याओं की भागीदारी से गूंजा जयकारों और भक्तिमय माहौलमुरलीगंज : शारदीय नवरात्र की शुरुआत सोमवार को पूरे प्रखंड क्षेत्र में श्रद्धा और भक्ति के वातावरण के साथ हुई। सार्वजनिक दुर्गा मंदिर, रेलवे स्टेशन परिसर स्थित दुर्गा मंदिर, गोलबाजार श्रीराम मंदिर ठाकुरबाड़ी, रामपुर दुर्गा मंदिर, दीनापट्टी सखुआ दुर्गा मंदिर समेत विभिन्न स्थानों पर मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर कलश स्थापित किए गए।इसी क्रम में रामपुर स्थित सार्वजनिक दुर्गा मंदिर प्रांगण से दुर्गा पूजा समिति के तत्वावधान में भव्य कलश शोभायात्रा निकाली गई। इस शोभायात्रा में 551 कन्याओं ने भाग लिया। गाजे-बाजे और “जय माता दी” के जयकारों के बीच कलश यात्रा मंदिर परिसर से निकलकर गांव के विभिन्न मार्गों से होती हुई सुरसर (बलुवाहा) नदी तक पहुंची। वहां वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच पंडित मधुसूदन ठाकुर ने विधिवत पूजा-अर्चना कराई।इसके बाद श्रद्धालुओं ने पवित्र जल से कलश भरकर पुनः मंदिर परिसर लौटकर स्थापना की। महिलाओं और कन्याओं द्वारा उठाए गए कलश विधि-विधान के साथ मंदिर प्रांगण में रखे गए।गर्मी को देखते हुए समिति की ओर से पेयजल, शरबत और शीतल पेय की विशेष व्यवस्था की गई थी। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कलश में देवी-देवताओं का वास होता है और कन्याओं का विशेष महत्व माना जाता है, इसलिए यह शोभायात्रा धार्मिक दृष्टि से अत्यंत फलदायी मानी जाती है।इस मौके पर दुर्गा पूजा समिति के सभी सक्रिय सदस्य, स्थानीय युवा, ग्रामीण और गणमान्य लोग उपस्थित रहे। इसी के साथ प्रखंड क्षेत्र के अन्य दुर्गा मंदिरों और घरों में भी विधिविधानपूर्वक कलश स्थापना कर मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना प्रारंभ हुई।

शीतल पेय की विशेष व्यवस्था की गई थी

कलश शोभायात्रा के साथ रामपुर में शुरू हुई मां दुर्गा की आराधना

– 551 कन्याओं की भागीदारी से गूंजा जयकारों और भक्तिमय माहौल

मुरलीगंज

शारदीय नवरात्र की शुरुआत सोमवार को पूरे प्रखंड क्षेत्र में श्रद्धा और भक्ति के वातावरण के साथ हुई. सार्वजनिक दुर्गा मंदिर, रेलवे स्टेशन परिसर स्थित दुर्गा मंदिर, गोलबाजार श्रीराम मंदिर ठाकुरबाड़ी, रामपुर दुर्गा मंदिर, दीनापट्टी सखुआ दुर्गा मंदिर समेत विभिन्न स्थानों पर मां दुर्गा की पूजा-अर्चना कर कलश स्थापित किये गये. इसी क्रम में रामपुर स्थित सार्वजनिक दुर्गा मंदिर प्रांगण से दुर्गा पूजा समिति के तत्वावधान में भव्य कलश शोभायात्रा निकाली गयी. इस शोभायात्रा में 551 कन्याओं ने भाग लिया. गाजे-बाजे और “जय माता दी” के जयकारों के बीच कलश यात्रा मंदिर परिसर से निकलकर गांव के विभिन्न मार्गों से होती हुई सुरसर (बलुवाहा) नदी तक पहुंची. वहां वैदिक मंत्रोच्चारण के बीच पंडित मधुसूदन ठाकुर ने विधिवत पूजा-अर्चना करायी. इसके बाद श्रद्धालुओं ने पवित्र जल से कलश भरकर पुनः मंदिर परिसर लौटकर स्थापना की. महिलाओं एवं कन्याओं द्वारा उठाये गये कलश विधि-विधान के साथ मंदिर प्रांगण में रखे गये. गर्मी को देखते हुये समिति की ओर से पेयजल, शरबत एवं शीतल पेय की विशेष व्यवस्था की गई थी. धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कलश में देवी-देवताओं का वास होता है और कन्याओं का विशेष महत्व माना जाता है, इसलिये यह शोभायात्रा धार्मिक दृष्टि से अत्यंत फलदायी मानी जाती है. इस मौके पर दुर्गा पूजा समिति के सभी सक्रिय सदस्य, स्थानीय युवा, ग्रामीण एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे. इसी के साथ प्रखंड क्षेत्र के अन्य दुर्गा मंदिरों और घरों में भी विधिविधानपूर्वक कलश स्थापना कर मां शैलपुत्री की पूजा-अर्चना प्रारंभ हुई.

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By Kumar Ashish

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