कुमारखंड.
प्रखंड क्षेत्र की सिंहपुर गढ़िया पंचायत में कान दर्द के इलाज के लिए एक निजी क्लिनिक गयी महिला की इंजेक्शन लगने के बाद हालत बिगड़ गयी. उपचार के लिए अस्पताल ले जाने के दौरान उसकी मौत हो गयी. घटना से आक्रोशित परिजनों व ग्रामीणों ने प्रखंड मुख्यालय स्थित मीरगंज-जदिया एसएच-91 को जाम कर दिया, इससे कुछ समय के लिए यातायात पूरी तरह बाधित हो गया. मृतका की पहचान सिंहपुर गढ़िया पंचायत के वार्ड तीन निवासी 40 वर्षीय सियावती देवी, पति सुरेश ऋषिदेव, पिता भोलाय ऋषिदेव के रूप में हुई है. जानकारी के अनुसार, सियावती देवी को कान में दर्द की शिकायत थी. इसी समस्या के उपचार के लिए वह स्थानीय स्तर पर संचालित एक निजी क्लिनिक में गयी थी. परिजनों का आरोप है कि क्लिनिक में उन्हें इंजेक्शन लगाया गया, इसके कुछ ही देर बाद उनकी तबीयत अचानक बिगड़ने लगी. महिला की गंभीर स्थिति को देखते हुए परिजन उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र कुमारखंड लेकर पहुंचे. वहां मौजूद चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन हालत चिंताजनक होने के कारण उन्हें बेहतर इलाज के लिए जननायक कर्पूरी ठाकुर मेडिकल कॉलेज व अस्पताल रेफर कर दिया. परिजन इलाज के लिए महिला को मधेपुरा ले जा रहे थे, लेकिन मीरगंज के समीप पहुंचते ही रास्ते में उनकी मौत हो गयी.महिला की मौत की खबर मिलते ही परिजनों व ग्रामीणों में आक्रोश फैल गया. शव को वापस कुमारखंड लाकर लोगों ने प्रखंड मुख्यालय स्थित मीरगंज-जदिया एसएच-91 पर रखकर सड़क जाम कर दिया. जाम के कारण सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गयी व आवागमन पूरी तरह ठप हो गया. प्रदर्शनकारी मामले की निष्पक्ष जांच व दोषियों पर कार्रवाई की मांग कर रहे थे.
घटना की सूचना मिलते ही कुमारखंड थानाध्यक्ष रंजन कुमार पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. उन्होंने लोगों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन भीड़ का आक्रोश बढ़ता देख वरीय अधिकारियों को स्थिति से अवगत कराया. इसके बाद विधि-व्यवस्था बनाये रखने के लिए मुरलीगंज थानाध्यक्ष को भी अतिरिक्त पुलिस बल के साथ मौके पर भेजा गया. मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने पीड़ित परिवार व ग्रामीणों से बातचीत की. अधिकारियों ने मामले की जांच कर दोषियों के विरुद्ध उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया. आश्वासन मिलने के बाद प्रदर्शनकारी शांत हुए व सड़क जाम समाप्त कराया गया. कुमारखंड थाना पुलिस ने आवश्यक कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए शव का पंचनामा कराया व पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया. पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारणों का पता चल सकेगा. थानाध्यक्ष रंजन कुमार ने बताया कि मामले की जानकारी मिली है. यदि पीड़ित परिवार की ओर से आवेदन प्राप्त होता है तो उसकी जांच कर नियमानुसार आगे की कार्रवाई की जायेगी.घटना के बाद मृतका के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है, जबकि पूरे क्षेत्र में शोक और चर्चा का माहौल बना हुआ है. वहीं मृतक के पति सुरेश ऋषिदेव ने अपना आरोप वापस लेते हुए केस दर्ज कराने से इनकार कर दिया है. उन्होंने स्थानीय सरपंच जयकुमार राम, पंसस विनय कुमार साह, जदयू नेता प्रमोद यादव, ग्रामीण शंभू ऋषिदेव, जनक ऋषिदेव, योगेन्द्र ऋषिदेव, दिलीप ऋषिदेव, कमलेश्वरी ऋषिदेव आदि के समक्ष स्वीकार किया कि पत्नी की सामान्य मृत्यु हुई है.
