चौसा़ आकांक्षी प्रखंड चौसा में कुपोषण के खिलाफ चलाये जा रहे सुपोषित मातृ अभियान के तहत सभी पंचायतों के 26 आंगनबाड़ी केंद्रों की 40-40 महिलाओं के बीच बाल विकास परियोजना के सहयोग से पोषण किट वितरण का वितरण किया गया सामाजिक कार्यकर्ता बिनोद आशीष की पहल से अभियान की शुरूआत हुई है. गौरतलब है कि पूर्व में जिलाधिकारी के अनुरोध पर बिनोद आशीष के प्रयास से ओएनजीसी ने अपने कॉर्पोरेट सामाजिक दायित्व के तहत इस अभियान की स्वीकृति दी है़ उनके लगातार प्रयासों का परिणाम है कि चौसा प्रखंड एवं जिले में पहली बार कुपोषण के खिलाफ गर्भवती महिलाओं एवं दुग्धपान कराने वाली महिलाओं के बीच इस तरह का अभियान चलाया गया. बिनोद ने बताया कि आकांक्षी प्रखंड चौसा विकास के कई मापदंडों पर पूरे देश में पिछड़ा हुआ है, जिसमें स्वास्थ्य, शिक्षा, कृषि एवं पोषण प्रमुख है नीति आयोग के रिपोर्ट के आधार पर चौसा प्रखंड के सभी पंचायतों में इन सारे मापदंडों पर कार्य करना होगा. प्रखंड को कुपोषण से मुक्त कराने का पहला कार्यक्रम सीडीपीओ दुर्गेश कुमार , कोर्डिनेटर शमशेर और एलएस खुशबू कुमारी, डॉ अजय कुमार खुशबू, बसंत कुमार झा, कृष्णा कुमार, प्रोग्राम कॉर्डिनेटर मुकेश कुमार, त्रिभुवन कुमार गुप्ता, राम नरेश पासवान, प्रवीण प्यारेलाल, ललन कुमार, नीरज राम आदि ने इस अभियान को जमीन तक उतारने में अपनी मुख्य भूमिका निभाया. अभियान के मुख्य संयोजक डॉ अजय कुमार खुशबू ने बताया कि सुपोषित मातृ अभियान जिले का अपने तरह का पहला कार्यक्रम है, जिसका मुख्य उद्देश्य चौसा प्रखंड को कुपोषण से मुक्ति दिलाना है.
सुपोषित मातृ अभियान के तहत 26 आंगनबाड़ी केंद्रों की 1040 महिलाओं को दिया पोषण किट
सुपोषित मातृ अभियान के तहत 26 आंगनबाड़ी केंद्रों की 1040 महिलाओं को दिया पोषण किट
