Scientific Farming in Madhepura: मधेपुरा के मुरलीगंज प्रखंड क्षेत्र के कोल्हायपट्टी डुमरिया पंचायत में किसानों को खेती की लागत कम करने और उत्पादन बेहतर करने के लिए वैज्ञानिक तरीके अपनाने की सलाह दी गयी. पंचायत के शंभू प्रसाद यादव के प्रक्षेत्र पर किसान गोष्ठी का आयोजन किया गया. इसमें कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों ने किसानों को सब्जियों की वैज्ञानिक खेती, संतुलित उर्वरक प्रयोग, मिट्टी जांच और बाजार की मांग के अनुसार फसल लगाने के तरीके की जानकारी दी.
जरूरत के अनुसार ही करें उर्वरक का प्रयोग
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉ. अनिल कुमार और डॉ. आशुतोष सिंह ने किसानों को फसल में आवश्यकता के अनुसार संतुलित उर्वरक के इस्तेमाल की सलाह दी. उन्होंने कहा कि सब्जियों की खेती में जरूरत से अधिक उर्वरक का प्रयोग फसल और मिट्टी दोनों के लिए नुकसानदायक हो सकता है. इससे फसल की गुणवत्ता और उत्पादन प्रभावित होने की आशंका रहती है.
डॉ. अनिल कुमार ने किसानों को समय-समय पर खेत की मिट्टी की जांच कराने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि मिट्टी में पहले से उपलब्ध पोषक तत्वों की जानकारी के आधार पर ही रासायनिक खाद का प्रयोग किया जाना चाहिए. इससे अनावश्यक उर्वरक के इस्तेमाल से बचने के साथ खेती की लागत को भी नियंत्रित किया जा सकता है.
जैविक खेती से बनी रहती है मिट्टी की उर्वरा शक्ति
किसान गोष्ठी में वैज्ञानिकों ने जैविक खेती के महत्व पर भी चर्चा की. उन्होंने कहा कि जैविक तरीके अपनाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति को लंबे समय तक बनाए रखने में मदद मिलती है और खेत से लगातार बेहतर उत्पादन लिया जा सकता है. किसानों को खेती में मिट्टी के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने की सलाह दी गयी.
Scientific Farming in Madhepura: बाजार की मांग देखकर करें फसल की योजना
वैज्ञानिकों ने किसानों को सब्जी की खेती चरणबद्ध तरीके से करने की सलाह दी. उनका कहना था कि किसान यदि बाजार की मांग को ध्यान में रखकर अलग-अलग समय पर सब्जियों का उत्पादन करें, तो फसल तैयार होने के समय बेहतर बाजार मिलने की संभावना बढ़ सकती है.
गोष्ठी में किसानों को उत्पादन के साथ बिक्री की योजना बनाने पर भी जोर दिया गया, ताकि बाजार की मांग के अनुसार फसल तैयार की जा सके और किसानों को बेहतर मूल्य मिल सके.
कार्यक्रम में तकनीकी प्रबंधक जय कुमार भारतीय और किसान सलाहकार पंकज कुमार ने भी किसानों को खेती से जुड़ी जानकारी दी. मौके पर अनिल कुमार, शंभू प्रसाद यादव, कीनू यादव, शिव कुमार यादव, निर्भय कुमार, उमेश यादव, महिला कृषक मनी देवी, ज्योति कुमारी और नूतन कुमारी सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे.
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