मधेपुरा. कोसी बराज की क्षमता का वैज्ञानिक आकलन कराया जायेगा. बिहार विधान परिषद सदस्य व लोक लेखा समिति के अध्यक्ष डॉ अजय कुमार सिंह ने बताया कि लोक लेखा समिति की बैठक में वर्ष 2008 से जुड़े विभागीय प्रतिवेदन की समीक्षा के दौरान कोसी बराज के संबंध में चर्चा हुई. डॉ सिंह ने कहा कि विभागीय प्रतिवेदन में नियंत्रक व महालेखा परीक्षक की टिप्पणियों के आलोक में समिति ने जांच करायी. जांच के बाद कोसी बराज की क्षमता के वैज्ञानिक मूल्यांकन की जिम्मेदारी विभाग को दी गयी है. उन्होंने बताया कि विभागीय अधिकारियों ने समिति को सूचित किया है कि एसएलडीसी द्वारा वैज्ञानिक तरीके से कोसी बराज की क्षमता का आकलन किया जायेगा. यह अध्ययन बराज की वर्तमान स्थिति, जल प्रवाह क्षमता और संरचनात्मक दक्षता का मूल्यांकन करेगा. डॉ सिंह ने कहा कि वर्ष 2024 की बाढ़ के दौरान कोसी नदी में भारी जल प्रवाह दर्ज किया गया था और बराज के ऊपर तक पानी पहुंच गया था. ऐसी परिस्थितियों को देखते हुए बराज की वास्तविक क्षमता का वैज्ञानिक अध्ययन आवश्यक हो गया है, ताकि भविष्य में बाढ़ प्रबंधन और सुरक्षा उपायों को और प्रभावी बनाया जा सके. उन्होंने विश्वास जताया कि क्षमता आकलन की रिपोर्ट मिलने के बाद कोसी क्षेत्र में जल संसाधन प्रबंधन को मजबूत करने तथा संभावित जोखिमों को कम करने की दिशा में ठोस कदम उठाये जा सकेंगे.
कोसी बराज की क्षमता का होगा आकलन, एसएलडीसी करेगा वैज्ञानिक सर्वेक्षण

कोसी बराज की क्षमता का होगा आकलन, एसएलडीसी करेगा वैज्ञानिक सर्वेक्षण
Copied link
The capacity of the Kosi Barrage will be assessed.