Liquor Smuggling: . सावन के दौरान कांवर यात्रा के बीच शराब तस्करी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है. चौसा थाना क्षेत्र के केलाबाड़ी पेट्रोल पंप के पास खड़ी एक पिकअप गाड़ी से पुलिस ने 850.450 लीटर विदेशी शराब जैसे पदार्थ बरामद किए हैं. तस्कर ने शराब को कपड़े और कांवर के सामान के नीचे छिपाकर रखा था, ताकि धार्मिक यात्रा की आड़ में पुलिस जांच से बचा जा सके.
इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र में सक्रिय शराब तस्करी नेटवर्क को लेकर कई सवाल उठने लगे हैं. पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि बरामद खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस स्थान तक पहुंचाया जाना था.
गुप्त सूचना पर देर रात छापेमारी
पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी विज्ञप्ति के अनुसार 3 अगस्त की रात गुप्त सूचना मिली थी कि केलाबाड़ी पेट्रोल पंप पर खड़ी एक पिकअप गाड़ी में कपड़े के सामान के नीचे अंग्रेजी शराब जैसी सामग्री छिपाकर रखी गई है.
सूचना मिलते ही वरीय अधिकारियों के निर्देश पर चौसा थानाध्यक्ष रवि कुमार पासवान के नेतृत्व में पुलिस टीम और सशस्त्र बल मौके पर पहुंचे. पुलिस को देखते ही वहां मौजूद एक व्यक्ति भागने लगा, लेकिन जवानों ने पीछा कर उसे पकड़ लिया.
पूछताछ में उसने अपनी पहचान मो असलम, पिता मो सलीम, निवासी रामनगर केलाबाड़ी, थाना चौसा, जिला मधेपुरा के रूप में बताई. उसने स्वयं को जब्त पिकअप वाहन का चालक भी स्वीकार किया.
कांवर के सामान के नीचे छिपाई गई थी शराब
गिरफ्तार चालक की निशानदेही पर पुलिस ने पिकअप वाहन (रजिस्ट्रेशन संख्या BR-10 GA-7075) की तलाशी ली. जांच के दौरान वाहन में रखे कांवर और कपड़े के सामान के नीचे बड़ी मात्रा में विदेशी शराब जैसे पदार्थ छिपाकर रखे गए थे.
पुलिस ने मौके से कुल 850.450 लीटर विदेशी शराब बरामद की. वाहन को तत्काल जब्त कर चालक को गिरफ्तार कर लिया गया.
1,775 से अधिक बोतलें और कैन बरामद
बरामद खेप में विभिन्न ब्रांड की शराब शामिल है. इनमें 750 एमएल, 375 एमएल, 180 एमएल और 500 एमएल की कुल 1,775 से अधिक बोतलें और कैन पाए गए. पुलिस के अनुसार बरामद सामग्री की कुल मात्रा 850.450 लीटर है.
इस मामले में चौसा थाना में प्राथमिकी दर्ज कर बिहार उत्पाद एवं मद्य निषेध अधिनियम, 2018 की धारा 30(एस) के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है.
तस्करी नेटवर्क की जांच में जुटी पुलिस
प्रभारी एसडीपीओ आशीष राज ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्त के आपराधिक इतिहास का सत्यापन कराया जा रहा है. साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि शराब की यह खेप किस राज्य या जिले से लाई गई थी और इसे किस गंतव्य तक पहुंचाया जाना था.
पुलिस का मानना है कि इस मामले के तार एक बड़े तस्करी नेटवर्क से जुड़े हो सकते हैं. जांच के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां भी हो सकती हैं.
Liquor Smuggling: छापेमारी दल में शामिल रहे ये अधिकारी
कार्रवाई में चौसा थानाध्यक्ष रवि कुमार पासवान, पुअनि राजकिशोर कुमार, पुअनि रतन कुमार पासवान, पुअनि विक्रम कुमार तथा चौसा थाना के सशस्त्र बल के जवान शामिल थे.
सावन के दौरान धार्मिक यात्राओं की आड़ में शराब तस्करी का यह मामला पुलिस के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है. अधिकारियों ने संकेत दिया है कि आने वाले दिनों में ऐसे संदिग्ध वाहनों की जांच और तेज की जाएगी.
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