24 जनवरी को कर्पूरी जयंती से महासंग्राम शुरू करते हुए निकालेंगे गरीब अधिकार मार्च
प्रेस वार्ता करते सांसद पप्पू यादव.
मधेपुरा : बैंकों में तीन लाख करोड़ रुपये संदिग्ध रूप से पैसा जमा हो गया है. नोटबंदी से गरीब तबाह हो गये हैं. दिसंबर माह तक मनरेगा में निबंधित मजदूर की संख्या 30 लाख थी जो बढ़ कर 86 लाख पर जनवरी के 10 तारीख तक पहुंच गयी है. 50 प्रतिशत उद्योग की पूंजी समाप्त हो चुकी है. प्रधानमंत्री केवल आइवाश कर रहे हैं. यह पूरी तरह साबित हो चुका है कि कालाधन पर नोटबंदी का कोई असर नहीं हो सकता और आतंकवाद व उग्रवाद को भी नोटबंदी से नहीं रोका जा सकता है.
जनअधिकार पार्टी के संरक्षक सह मधेपुरा सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने बुधवार को सर्किट हाउस में प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए ये बातें कही. उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव द्वारा लालू प्रसाद की सलाह को खारिज कर दिया गया
अखिलेश व राहुल…
जाति की राजनीति, धर्म की राजनीति, उन्माद व राजनीतिक दलालों को अखिलेश ने चुनौती दी है. वर्तमान समय की मांग है कि राहुल गांधी व अखिलेश एक होकर नये राजनीतिक युग का सूत्रपात करें.
सांसद पप्पू यादव ने कहा कि बिहार सरकार के मुखिया भी प्रधानमंत्री के ही तर्ज पर चल कर लोगों को बहकाने में जुटे हैं. सरकारी संसाधन का दुरुपयोग कर पार्टी का प्रचार हो रहा है. विकास कार्य ठप कर मानव शृंखला के लिए बैठकें हो रही हैं. यहां भी केवल आइवाश किया जा रहा है. उन्होंने कहा कि अमित शाह चुनाव में सुधार की बात करते हैं, देश में उनकी पार्टी की सरकार है वे अध्यादेश लायें ताकि चुनाव कैशलैस हो. बगैर किसी रैली या खर्चा के बहस कर जनता को अपने बारे में बतायें उम्मीदवार और वोटिंग हो.
इन सब विसंगतियों के खिलाफ कर्पूरी ठाकुर के जन्म दिवस 24 जनवरी से जनअधिकार पार्टी महासंग्राम शुरू करते हुए गरीब अधिकार मार्च का आयोजन करेगी. पार्टी की मांग है कैशलेस चुनाव हो, बेनामी संपत्ति जब्त करें और बड़े – बड़े भवन को जब्त कर गरीबों को दिया जाय. राजनीतीक दलों को आरटीआइ व इनकम टैक्स के दायरे में लाया जाय. इन्हें आरटीआइ में लाने के लिए कानून बनाएं. राजनीतिक पार्टियों के खाते की भी मॉनीटरिंग हो. इनकम टैक्स, सीडीएसइ और सीबीआइ की जांच हो.
