LPG Cylinder E-KYC: बिहार में एलपीजी गैस सिलेंडर का इस्तेमाल करने वाले लोगों के लिए जरूरी खबर है. राज्य के लाखों गैस उपभोक्ताओं के लिए ई-केवाईसी कराना अनिवार्य है. तेल कंपनियों ने साफ कर दिया है कि जिन उपभोक्ताओं ने अभी तक आधार आधारित ई-केवाईसी पूरी नहीं की है, उन्हें जल्द से जल्द यह प्रक्रिया पूरी करनी होगी.
अब तक इतने उपभोक्ताओं ने नहीं कराई ई-केवाईसी
बिहार में करीब 2.36 करोड़ एलपीजी उपभोक्ता हैं, लेकिन इनमें से लगभग 59 लाख लोगों ने अब तक ई-केवाईसी नहीं कराई है. ऐसे उपभोक्ताओं को 16 अगस्त तक अपना सत्यापन पूरा करने का समय दिया गया है. अगर तय समय सीमा के अंदर प्रक्रिया पूरी नहीं हुई, तो घरेलू दर पर मिलने वाली एलपीजी सिलेंडर सुविधा अस्थायी रूप से प्रभावित हो सकती है.
तेल कंपनियों के अधिकारियों के मुताबिक, सरकार इस प्रक्रिया को लेकर काफी गंभीर है. इसलिए उपभोक्ताओं को इसे आखिरी मौका मानते हुए समय पर ई-केवाईसी पूरी कर लेनी चाहिए.
गैस एजेंसी जाने की जरूरत नहीं
ई-केवाईसी कराने के लिए अब लंबी लाइन में लगने की जरूरत नहीं है. उपभोक्ता अपने घर बैठे मोबाइल ऐप के जरिए भी यह प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं. इंडेन गैस के ग्राहक इंडियन ऑयल वन ऐप का इस्तेमाल कर सकते हैं, जबकि भारत गैस और एचपी गैस उपभोक्ता अपनी संबंधित कंपनी के अधिकृत ऐप के माध्यम से ई-केवाईसी कर सकते हैं.
इसके अलावा गैस एजेंसी पर जाकर या सिलेंडर डिलीवरी के समय डिलीवरी कर्मी के बायोमेट्रिक उपकरण की मदद से भी यह प्रक्रिया पूरी की जा सकती है. ई-केवाईसी के लिए आधार कार्ड और मोबाइल नंबर की आवश्यकता हो सकती है.
बाहर रहने वालों को भी मिलेगी सुविधा
नौकरी, पढ़ाई या किसी अन्य कारण से दूसरे शहर में रहने वाले लोगों के लिए भी राहत की बात है. वे अपने मोबाइल फोन से कहीं से भी ई-केवाईसी पूरी कर सकते हैं.
क्या है प्रोसेस?
- सबसे पहले अपने गैस कनेक्शन से जुड़े रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर से संबंधित गैस कंपनी के मोबाइल ऐप में लॉगिन करें.
- ऐप में ई-केवाईसी या आधार सत्यापन के विकल्प पर जाएं और प्रक्रिया शुरू करें.
- रजिस्टर्ड मोबाइल नंबर पर आए OTP को दर्ज कर मोबाइल नंबर का सत्यापन पूरा करें.
- इसके बाद ऐप में दिए गए निर्देशों के अनुसार फेस ऑथेंटिकेशन (चेहरे की पहचान) की प्रक्रिया पूरी करें.
- सत्यापन पूरा होने के बाद आपका एलपीजी कनेक्शन अपडेट हो जाएगा.
