लखीसराय में 96 हजार से अधिक पेंशनधारियों को मिला पेंशन
समाहरणालय के मंत्रणा कक्ष में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग प्रसारण को देखा गया, जिसमें राज्यभर के लाभार्थियों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत राशि भेजी गई. कार्यक्रम की अध्यक्षता डीएम शैलेंद्र कुमार ने की.
डीएम ने कहा: पात्रों को समय पर मिले लाभ
लखीसराय के प्रतिनिधि के अनुसार
समाहरणालय के मंत्रणा कक्ष में बुधवार को सामाजिक सुरक्षा पेंशन हस्तांतरण कार्यक्रम का सीधा प्रसारण देखा गया. मुख्यमंत्री द्वारा वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से राज्यभर के लाभार्थियों के खातों में डीबीटी से राशि भेजी गई. कार्यक्रम की अध्यक्षता डीएम शैलेंद्र कुमार ने की. राज्य सरकार की पहल से लखीसराय जिले के 96,219 पेंशनधारियों के बैंक खातों में कुल 11 करोड़ 10 लाख 69 हजार 300 रुपये हस्तांतरित किये गये. इसका मकसद वृद्ध, विधवा, दिव्यांग और असहाय नागरिकों को समय पर आर्थिक सहायता देकर सम्मानजनक जीवन देना है.
किस योजना में कितने लाभार्थी, कितनी राशि :
मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना में 52,305 लाभार्थी को 6 करोड़ 23 लाख 43 हजार 100 रुपये, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत 23,339 लाभार्थी को दो करोड़ 56 लाख 92 हजार 800 रुपये, लक्ष्मीबाई सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजना के तहत 8,543 लाभार्थी को 96 लाख 53 हजार 800 रुपये, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय विधवा पेंशन योजना के तहत 2,862 लाभार्थी को 31 लाख 85 हजार 700 रुपये, बिहार निःशक्तता पेंशन योजना के तहत 7,807 लाभार्थी को 86 लाख 94 हजार 600 रुपये, इंदिरा गांधी राष्ट्रीय निःशक्तता पेंशन योजना के तहत 1,363 लाभार्थी, 14 लाख 99 हजार 300 रुपये खाते में स्थानांतरित किये गये.
डीएम ने दिये नये पात्र भी जोड़ेने के निर्देश :
कार्यक्रम में डीएम शैलेंद्र कुमार ने कहा कि राज्य सरकार कमजोर और वंचित वर्गों के कल्याण के लिए लगातार काम कर रही है. सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाएं जरूरतमंदों के लिए आर्थिक सुरक्षा का बड़ा माध्यम हैं. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि सभी पात्र लाभार्थियों को समय पर भुगतान सुनिश्चित करें और नये पात्र व्यक्तियों को भी तेजी से योजना से जोड़ा जाय. कार्यक्रम का समापन लाभार्थियों के हित में चल रही योजनाओं की जानकारी साझा करने और उनके प्रभावी क्रियान्वयन के संकल्प के साथ हुआ. मौके पर एडीएम नीरज कुमार, डीडीसी सुमित कुमार, सहायक निदेशक सामाजिक सुरक्षा कोषांग धीरज कुमार, डीपीओ आईसीडीएस वंदना पांडेय समेत कई अधिकारी और कर्मी मौजूद रहे.