मेदनीचौकी.
प्रखंड के टाल क्षेत्र अंतर्गत विभिन्न मौजे के हजारों एकड़ जमीन में धनरोनी के लिए किसान महंगी दर पर बीज खरीदकर बिचड़ा गिरा रहे हैं. कई किसानों ने बताया कि पिछले साल के वनिस्पत इस बार 50 से सौ रुपये मंहगी दर पर विभिन्न प्रजातियों के धान खरीद कर बिचड़ा गिराने को विवश हुए. स्थानीय स्तर पर बीज खरीदारी में किसानों को मंहगाई का सितम झेलना पड़ा. रामबालक यादव, विजय यादव आदि किसानों ने बताया कि ज्यादतर किसान आद्रा नक्षत्र में बिचड़ा गिराते हैं. छह जुलाई तक आद्रा नक्षत्र है. किसान अब बिचड़ा गिराने के अंतिम दौर में हैं. कई किसानों को निजी नलकूप से सिंचाई कर बिचड़ा गिराते देखा जा रहा है. बारिश भी बीच-बीच में होती रही है, जिससे गिराये गये बिचड़े की स्थिति किसान ठीक बता रहे हैं.डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है
