बड़े वाहनों से स्कूली बच्चों के परिचालन से निजी विद्यालय करें परहेज: डीटीओ

जिला परिवहन पदाधिकारी मुकुल पंकज मणि शहर के निजी स्कूल संचालकों के साथ बैठक कर शहर में बड़े वाहन से बच्चों को लाने ले जाने से परहेज करने का अनुरोध किया है.

निजी स्कूल संचालकों के साथ डीटीओ ने की बैठक

लखीसराय. जिला समाहरणालय परिसर में स्थित एनआईसी के सभागार में शुक्रवार को जिला परिवहन पदाधिकारी मुकुल पंकज मणि शहर के निजी स्कूल संचालकों के साथ बैठक कर शहर में बड़े वाहन से बच्चों को लाने ले जाने से परहेज करने का अनुरोध किया है. बैठक में बड़े स्कूल बस पर अंकुश लगाने को लेकर प्रयास करने की सलाह दी गयी है. इसके अतिरिक्त क्षमता से अधिक बच्चों को वाहनों से परिवहन में दुर्घटना की आशंका जताते हुए पूरी तरह इस पर अंकुश लगाने का निर्देश दिया गया है. इसके लिए पेरेंट्स मीटिंग में बच्चों के पेरेंट्स से वार्ताकार मामला सुलझाने एवं यातायात नियमों के अनुपालन पर चर्चा करने को कहा गया है. जल्द ही परिवहन विभाग निजी विद्यालयों में अभियान चलाकर बच्चों को सुरक्षा मानकों की जानकारी देने का कार्य करेगा. विद्यालय के लिए प्रयोग किया जा रहे वाहनों के कागजातों से संबंधित कार्यों को विभाग प्राथमिकता देते हुए निष्पादित करने का कार्य करेगा. इसके साथ-साथ विद्यालय कार्यों हेतु प्रयुक्त वाहनों की सूची किन मार्गों पर उनका परिचालन है, वाहन संबंधित सभी दस्तावेज के अद्यतन स्थिति की समीक्षा, चालकों का पूर्ण ब्योरा यथा चालक अनुज्ञप्ति, मोबाइल नंबर एवं पता वाहनों पर अंकित करवाने, एमभी एक्ट का प्रचार-प्रसार एवं विद्यालय के वाहन चालकों के द्वारा उसके अनुपालन के संबंध में, 14 सीटर से अधिक वाले बसों में सीसीटीवी कैमरा का इंस्टालेशन, विद्यालयों द्वारा ट्रांसपोर्ट प्रभारी की नियुक्ति आदि को लेकर भी चर्चा की गयी. बैठक में डीटीओ के साथ एमभीआई प्रतीक कुमार, विपिन कुमार, ईएसआई अकेंद्र कुमार, संदीप कुमार, निजी स्कूल संचालक रंजन कुमार, राजेश कुमार शर्मा आदि भी उपस्थित थे.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल टॉप स्टोरी

लेखक के बारे में

By Prabhat khabar news desk

यह प्रभात खबर का न्यूज डेस्क है। इसमें बिहार-झारखंड-ओडिशा-दिल्‍ली समेत प्रभात खबर के विशाल ग्राउंड नेटवर्क के रिपोर्ट्स के जरिए भेजी खबरों का प्रकाशन होता है।
Read More
ePaper

अपने दैनिक समाचार अनुभव को और बेहतरीन बनाएं

सिर्फ ₹399 ₹149

एक साल के लिए

आज ही सब्सक्राइब करें

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >