लखीसराय स्थित नाथ पब्लिक स्कूल में जिला वन विभाग एवं विद्यालय के 'इको क्लब' के संयुक्त तत्वावधान में 'बिहार पृथ्वी दिवस' अत्यंत उत्साह और गरिमा के साथ मनाया गया. इस अवसर पर स्कूली बच्चों और शिक्षकों ने पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण और पृथ्वी की सुरक्षा के लिए बड़े पैमाने पर पौधारोपण कर उन्हें बड़ा करने का संकल्प लिया.
पर्यावरण और जल संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाना मुख्य उद्देश्य
इस विशेष आयोजन का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को पृथ्वी के संरक्षण, शुद्ध पर्यावरण, प्रदूषण रोकथाम तथा प्राकृतिक संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग के प्रति जागरूक करना था. कार्यक्रम में जिला वन विभाग की प्रतिनिधि अंजली एवं उनकी टीम, विद्यालय के संस्थापक विश्वनाथ प्रसाद, उनके सुपुत्र नाथ अमिताभ, शिक्षक विद्यासागर, दिलीप सर, अमरजीत सर, शिक्षिका निधि, वंदना समेत सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं और छात्र-छात्राओं ने सक्रिय रूप से भाग लिया.
प्रकृति का सम्मान सिखाता है आदिवासी समुदाय: वक्ता
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि स्वच्छ हवा, शुद्ध जल और हरियाली बनाए रखना केवल सरकार का काम नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है. समारोह के दौरान विश्व आदिवासी दिवस का संदर्भ देते हुए बताया गया कि आदिवासी समाज सदियों से जंगलों और प्रकृति का संरक्षक रहा है. हमें उनसे प्रकृति के प्रति सम्मान और सामंजस्य बिठाकर जीने की कला सीखनी चाहिए.
पौधारोपण अभियान और पर्यावरण रक्षा की शपथ
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण पौधारोपण अभियान रहा, जहां विद्यालय परिसर में बच्चों ने वन विभाग की टीम के साथ मिलकर विभिन्न प्रजातियों के पौधे रोपे.
- पौधों को सहेजने का संकल्प: बच्चों ने केवल पौधे लगाने ही नहीं, बल्कि नियमित रूप से पानी देने और उनकी देखभाल कर उन्हें वृक्ष बनाने की जिम्मेदारी भी ली.
- पर्यावरण शपथ: शिक्षक विद्यासागर के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम के अंत में इको क्लब की ओर से सभी बच्चों को जल संरक्षण, प्लास्टिक व प्रदूषण मुक्ति और दूसरों को जागरूक करने की शपथ दिलाई गई.
