सिमुलतला : सिमुलतला आवासीय विद्यालय की रसोई से फेंका जा रहा बचा हुआ खाना एवं अन्य कचरों को खाकर निकट के ग्रामीणों की मवेशियों की मौत हो रही है. इस समस्या को लेकर सोमवार को क्षेत्र के बनगांवा गांव के दर्जनों ग्रामीणों द्वारा विद्यालय प्राचार्य डाॅ राजीव रंजन से मुलाकात कर उनके समक्ष इस समस्या को रखा गया.
इस संदर्भ में ग्रामीण देवन रजक, मिटू रजक, भोला रजक, दादू रजक, पलंग रजक, केशिया देवी, कमली देवी, निमीया देवी, भारती देवी आदि ने कहा विद्यालय की रसोई का बचा हुआ. भोजन एवं अन्य बेकार सामग्री विद्यालय के चहार दीवारी से खुले में फेक दिया जाता है. जिसे खाकर हमलोगों की मवेशियों की या तो मौत हो रही है या फिर गंभीर बीमारी का शिकायत हो रहा है.
साथ ही विद्यालय की नाले का पानी सीधे हमलोगों के घर के निकट जमा हो जाती है. जिससे जहरीले मच्छर पनप रहे है. ग्रामीणों का कहना था कि विद्यालय द्वारा फेंका गया बचा भोजन खाकर ग्रामीण नारो रजक की एक दुधारू गाय की मौत बीते दिनों हो गयी.
हमलोग विद्यालय प्रबंधन से गाय की मुआवजे की मांग कर रहे हैं. हालांकि ग्रामीणों की समस्या को प्राचार्य डाॅ रंजन ने गंभीरता से लेते हुए ग्रामीणों के साथ घटना स्थल का मुआयना किया. साथ ही उन्होंने कहा कि मैंने पहले भी इस समस्या को लेकर वरीय अधिकारियों की जानकारी दी और अगले जिला स्तरीय बैठक में पुन: मैं इस समस्या को रखूंगा और कोशिश करूंगा कि अगले बार ग्रामीणों का किसी भी प्रकार की शिकायत की मौका नहीं मिले.
