बदहाल है बकसिला स्वास्थ्य उपकेंद्र

बदहाल है बकसिला स्वास्थ्य उपकेंद्र चंद्रमंडीह. प्रखंड मुख्यालय से महज 15 किलोमीटर की दूरी पर फरियताडीह पंचायत अंर्तगत बकसिला गांव स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य उपकेंद्र बकसिला अपनी बदहाली पर आंसू बहाने को विवश है़ बताते चलें कि वर्ष 1994 में जवाहर रोजगार योजना व विश्व बैंक परियोजना द्वारा निर्मित इस अस्पताल का उदघाटन तत्कालीन विधायक नरेंद्र […]

बदहाल है बकसिला स्वास्थ्य उपकेंद्र चंद्रमंडीह. प्रखंड मुख्यालय से महज 15 किलोमीटर की दूरी पर फरियताडीह पंचायत अंर्तगत बकसिला गांव स्थित प्राथमिक स्वास्थ्य उपकेंद्र बकसिला अपनी बदहाली पर आंसू बहाने को विवश है़ बताते चलें कि वर्ष 1994 में जवाहर रोजगार योजना व विश्व बैंक परियोजना द्वारा निर्मित इस अस्पताल का उदघाटन तत्कालीन विधायक नरेंद्र सिंह द्वारा किया गया था.स्वास्थ्य केंद्र के निर्माण से क्षेत्र के लोगों में खुशी की लहर दौड़ पड़ी थी कि अब यहां के लोगों को प्राथमिक उपचार को लेकर कहीं भटकना नहीं पड़ेगा. प्रारंभ के दिनों में सब कुछ ठीक-ठाक रहा. लेकिन समय के बीतने के साथ अस्पताल संसाधन व कर्मी के अभाव में खुद बीमार हो कर रह गया है.वर्तमान में अस्पताल की स्थिति यह है कि उक्त परिसर में चारों ओर जंगल-झाड़ी फैल गया है़ स्वास्थ्य केंद्र का किवाड़,खिड़की भी चोरों की भेंट चढ़ गया है़ स्वास्थ्य केंद्र सहित चहारदिवारी कई जगह टूट गया है़ क्षेत्र के रामेश्वर यादव, हुलास बैठा,बाबूलाल रजक, नागेश्वर सिंह आदि ने बताते हैं कि वर्तमान में यह स्वास्थ्य केंद्र भूतबंगला बन कर रह गया है़ इस नक्सल प्रभावित क्षेत्र में यह अस्पताल यहां के लोगों के लिए काफी आवश्यक था. ग्रामीणों ने क्षेत्र के जनप्रतिनिंधि सहित स्थानीय प्रशासन से इस क्षेत्र सुधि कोई नहीं ले रहा है. इस बाबत पूछे जाने पर चकाई रेफरल अस्पताल चिकित्सा पदाधिकारी रमेश प्रसाद ने बताया कि बकसिला स्वास्थ्य उपकेंद्र में एएनएम मीरा कुमारी को लगाया गया है़ एएनएम द्वारा कार्य में लापारवाही बरती जा रही है तो जांचोपरांत उसपर कार्रवाई की जायेगी़

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By Prabhat Khabar Digital Desk

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