जाम कर रहे लोगों पर पुलिस ने किया लाठी चार्ज सिकंदरा . महादेव सिमरिया निवासी मो सिकंदर को पुलिस प्रशासन द्वारा झूठे मुकदमें में फंसाये जाने का विरोध करना महंगा साबित हुआ. पहले तो पुलिस ने सिकंदर को झूठे मुकदमे में फंसाने का प्रयास किया. लेकिन अपनी चोरी पकड़े जाने के बाद पुलिस ने पहले से खार खाये सिकंदर की रविवार को जम कर लाठी डंडे से पिटायी कर दी. इस दौरान जिला के एक वरीय पुलिस पदाधिकारी मीडिया कर्मियों के सामने सिकंदर को काफिर की संज्ञा देते दिखे. जानकारी के अनुसार शांति व्यवस्था भंग होने की आशंका जताते हुए पुलिस ने महादेव सिमरिया के 44 लोगों के खिलाफ धारा 107 की नोटिस जारी की थी. 44 लोगों की सूची में मो. सिकंदर पिता मो. तस्लीम का नाम भी 31 वें नंबर पर दर्ज था. उक्त नोटिस के तहत सभी लोगों को शनिवार को एसडीएम कोर्ट में उपस्थित होना था. लेकिन जब सिकंदर नोटिस के तहत एसडीएम कोर्ट में हाजिर हुआ तो मूल सूची में उसका नाम ही नहीं था. किसी साजिश की आशंका जताते हुए मामले में सिकंदर ने बताया कि पंचायत के मुखिया पति मो. मंजूर आलम पूर्व में उससे लोगों को संगठित करने व हथियार खरीदने के नाम पर 5 हजार रुपया जबरन चंदा मांग रहा था. रविवार को गलत नोटिस मामले की जांच की खबर अखबार में प्रकाशित होने के बाद वो आग बबूला हो गया और मैं घर से निकल कर बाजार की ओर जा रहा तो उसने मुझे जान से मारने की धमकी दी. जिसके बाद उसने इसकी जानकारी पुलिस को दी. लेकिन सूचना के बाद महादेव सिमरिया पहुंची पुलिस पहले मंजूर आलम से मिलने घर चली गयी. जिसके कारण लोगों में आक्रोश पनपा और आक्रोशित लोगों को सड़क जाम करना पड़ा.
जाम कर रहे लोगों पर पुलिस ने किया लाठी चार्ज
जाम कर रहे लोगों पर पुलिस ने किया लाठी चार्ज सिकंदरा . महादेव सिमरिया निवासी मो सिकंदर को पुलिस प्रशासन द्वारा झूठे मुकदमें में फंसाये जाने का विरोध करना महंगा साबित हुआ. पहले तो पुलिस ने सिकंदर को झूठे मुकदमे में फंसाने का प्रयास किया. लेकिन अपनी चोरी पकड़े जाने के बाद पुलिस ने पहले […]
