बहादुरगंज (किशनगंज). नाबालिग लड़कियों से जबरन देह व्यापार कराने की सूचना पर बहादुरगंज पुलिस ने शुक्रवार रात करीब आठ बजे एनएच-327ई स्थित प्रेमनगर रेडलाइट एरिया में छापेमारी की. पुलिस मुख्यालय के निर्देश पर चलाए गए ‘ऑपरेशन सबेरा’ के तहत हुई इस कार्रवाई का नेतृत्व अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी खुसरो सिराज ने किया. अभियान में बचपन बचाओ एनजीओ की टीम भी शामिल रही.
तीन नाबालिग समेत चार लड़कियां बरामद
छापेमारी के दौरान पुलिस ने 35 वर्षीय आशा बेगम के ठिकाने पर दबिश दी. यहां से तीन नाबालिग और एक बालिग लड़की को बरामद किया गया. पुलिस के अनुसार तलाशी के दौरान कमरों से कुछ आपत्तिजनक सामग्री भी मिली. बरामद लड़कियों ने प्रारंभिक पूछताछ में आरोप लगाया कि उन्हें जबरन इस धंधे में धकेला गया था.
चकलाघर संचालिका समेत चार गिरफ्तार
पुलिस ने मौके से आशा बेगम के अलावा तीन युवकों को गिरफ्तार किया. गिरफ्तार आरोपितों की पहचान दिवाकर पंडित (20), निवासी खुर्सीपार, भिलाई (मध्य प्रदेश), असद (28), निवासी लोहागड़ा तथा नासिर आलम (20), निवासी कन्हैयाबाड़ी जनता के रूप में हुई है. पुलिस का कहना है कि सभी आरोपित कथित रूप से संगठित तरीके से इस अवैध गतिविधि में शामिल थे.
पुनर्वास और कानूनी सहायता की प्रक्रिया शुरू
बहादुरगंज थाना पुलिस ने संचालिका और अन्य आरोपितों के विरुद्ध प्राथमिकी दर्ज कर ली है. बरामद लड़कियों की पहचान, काउंसिलिंग और पुनर्वास की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. बचपन बचाओ एनजीओ की टीम उन्हें कानूनी सहायता और पुनर्वास उपलब्ध कराने में सहयोग कर रही है.
मानव तस्करी के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी
एसडीपीओ खुसरो सिराज ने कहा कि जिले में मानव तस्करी और नाबालिगों के शोषण के खिलाफ जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई गई है. उन्होंने कहा कि ऐसे अवैध अड्डों के खिलाफ आगे भी लगातार अभियान चलाया जाएगा.
