कोढ़ा व फटापुकुर गैंग का नेटवर्क ध्वस्त करने में जुटी पुलिस
कोढ़ा व फटापुकुर गैंग का नेटवर्क ध्वस्त करने में जुटी पुलिस
एनकाउंटर में दबोचे गए बदमाशों से खुला राज, दो राज्यों के कुख्यात गैंग मिलकर कर रहे थे वारदात
किशनगंज. पुलिस मुठभेड़ में पकड़े गए अपराधी पवन उर्फ चिंटू और साथी पंकज कुमार उर्फ छोटू के अपराध की परतें एक एक खुलती जा रही है. सूत्रों की माने तो पुलिस की जांच में गिरोह के कई जिलों में फैले अपराध के नेटर्वक का खुलासा हो रहा है. जानकारी के अनुसार अपराध की दुनिया में बदनाम कटिहार जिले के कुख्यात कोढ़ा गैंग व बंगाल के जलपाइगुड़ी स्थित फटापुकुर गैंग के सदस्य मिलकर जिले में छीनतई, बाइक चोरी व अन्य आपराधिक वारदातों को अंजाम देते थे. गिरोह में करीब 25 से 30 की संख्या में बदमाश शामिल है. पुलिस अब गिरफ्तार दोनों अपराधियों के साथ साथ इनके साथियों की भी कुंडली खंगाल रही है. पुलिस ने सीमावर्ती इलाकों में छापेमारी तेज कर दी है. पश्चिम बंगाल की पुलिस से भी संपर्क किया जा रहा है. टीम का नेतृत्व एसडीपीओ वन खुसरू सिराज कर रहे है. सूत्रों की माने तो गिरफ्तार दोनों बदमाशों का गिरोह जब किसी बड़ी वारदात की योजना बनाता था, तब चोरी की बाइक का इस्तेमाल किया जाता था, ताकि घटना के बाद पुलिस वाहन के जरिए बदमाशों तक न पहुंच सके. गिरोह के सदस्य किसी भी बड़ी से दो दिन पहले अपने मोबाइल फोन स्विच ऑफ कर देते थे, ताकि पुलिस उनकी लोकेशन ट्रेस न कर सके. इसके बाद सभी सदस्य अलग-अलग टीम बनाकर चोरी, छिनतई व चैन स्नैचिंग जैसी घटनाओं को अंजाम देते थे. वारदात के बाद बदमाश तुरंत इलाके से फरार हो जाते थे.