Kishanganj Weather Update: सीमांचल क्षेत्र में मानसून ने पूरी ताकत के साथ दस्तक दे दी है और इसका सबसे अधिक असर किशनगंज जिले में देखने को मिल सकता है. भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी), पटना द्वारा जारी ताजा पूर्वानुमान के अनुसार 22 जून से 27 जून तक जिले में लगातार वर्षा, मेघगर्जन, वज्रपात और तेज हवाओं का दौर जारी रहने की संभावना है. मौसम विभाग ने सप्ताह के अधिकांश दिनों के लिए चेतावनी जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है.
बंगाल की खाड़ी से मिल रही नमी, बढ़ेगी बारिश
मौसम विभाग के अनुसार बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी युक्त हवाओं और सक्रिय मानसूनी प्रणाली के कारण बिहार के पूर्वोत्तर जिलों में वर्षा की गतिविधियां तेज हो रही हैं. किशनगंज, अररिया, पूर्णिया और कटिहार में सामान्य से अधिक बारिश होने की संभावना जताई गई है. नेपाल और उत्तर बंगाल के निकट होने के कारण किशनगंज में मानसूनी प्रभाव अधिक देखने को मिल सकता है.
कई दिनों तक जारी रहेगा खराब मौसम
पूर्वानुमान के मुताबिक 22 जून को जिले में मेघगर्जन, वज्रपात और 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं. 23 जून को भी गरज-चमक के साथ वर्षा होने की संभावना है.
24 जून को मौसम फिर सक्रिय रहेगा और 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं. इसके बाद 25, 26 और 27 जून को भारी वर्षा की संभावना जताई गई है. इन दिनों तेज हवाओं और वज्रपात की घटनाएं भी हो सकती हैं.
जलजमाव और आवागमन प्रभावित होने की आशंका
लगातार बारिश के कारण जिले के निचले इलाकों में जलजमाव की स्थिति उत्पन्न हो सकती है. ग्रामीण क्षेत्रों की सड़कों पर आवागमन प्रभावित होने की आशंका है. तेज हवाओं और वज्रपात के कारण बिजली आपूर्ति बाधित हो सकती है. प्रशासन ने संबंधित विभागों को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया है.
किसानों के लिए फायदेमंद, लेकिन सावधानी जरूरी
कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि लगातार होने वाली बारिश धान की रोपनी के लिए लाभदायक साबित होगी. हालांकि अत्यधिक वर्षा से खेतों में जलभराव की समस्या भी उत्पन्न हो सकती है. मक्का, सब्जी और अन्य फसलों की खेती करने वाले किसानों को जल निकासी की समुचित व्यवस्था बनाए रखने की सलाह दी गई है.
आपदा प्रबंधन विभाग ने जारी की एडवाइजरी
आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से खराब मौसम के दौरान अनावश्यक रूप से घरों से बाहर नहीं निकलने की अपील की है. मेघगर्जन के समय खुले मैदान, पेड़ों, बिजली के खंभों और जलाशयों के आसपास जाने से बचने की सलाह दी गई है. पशुपालकों को भी अपने मवेशियों को सुरक्षित स्थानों पर रखने को कहा गया है.
नदियों के जलस्तर पर भी रहेगी नजर
उत्तर बंगाल और पहाड़ी क्षेत्रों में होने वाली भारी बारिश का असर महानंदा और उसकी सहायक नदियों के जलस्तर पर भी पड़ सकता है. हालांकि फिलहाल बाढ़ जैसी कोई स्थिति नहीं है, लेकिन प्रशासन ने सभी संबंधित एजेंसियों को सतर्क रहने का निर्देश दिया है.
एक नजर में मौसम का पूर्वानुमान
• 22 जून : वर्षा, मेघगर्जन, वज्रपात, 50-60 किमी प्रति घंटा तेज हवा
• 23 जून : गरज-चमक के साथ वर्षा
• 24 जून : वर्षा, वज्रपात, 30-40 किमी प्रति घंटा तेज हवा
• 25 जून : भारी वर्षा, वज्रपात, 50-60 किमी प्रति घंटा तेज हवा
• 26 जून : भारी वर्षा, वज्रपात, 40-50 किमी प्रति घंटा तेज हवा
• 27 जून : भारी वर्षा, वज्रपात, 50-60 किमी प्रति घंटा तेज हवा
कुल मिलाकर आने वाला सप्ताह किशनगंज के लिए पूरी तरह मानसूनी रहने वाला है. मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए आम लोगों, किसानों और प्रशासन को विशेष सतर्कता बरतने की आवश्यकता है.
