खगड़िया जिले के गोगरी प्रखंड अंतर्गत गौछारी स्टेशन पर लंबी दूरी और महत्वपूर्ण एक्सप्रेस ट्रेनों के ठहराव की मांग एक बार फिर जोर पकड़ने लगी है. पूर्वोत्तर बिहार रेल उपभोक्ता संघर्ष समिति गौछारी के संयोजक रामदेव पासवान सहित इलाके के प्रबुद्ध नागरिकों और रेल यात्रियों ने स्थानीय सांसद से गौछारी स्टेशन के कायाकल्प और ट्रेनों के ठहराव की गुहार लगाई है.
अनुमंडल मुख्यालय से महज 2 किमी दूरी, फिर भी उपेक्षा का शिकार
संघर्ष समिति के संयोजक रामदेव पासवान ने क्षेत्रीय समस्याओं को उजागर करते हुए बताया:
- रणनीतिक स्थान: गौछारी स्टेशन से गोगरी अनुमंडल कार्यालय, अनुमंडलीय अस्पताल और जमालपुर बाजार की दूरी महज 2 किलोमीटर है.
- आंदोलनों के बाद सिर्फ एक ट्रेन का मिला ठहराव: अनुमंडल मुख्यालय के सबसे पास होने के बावजूद यहाँ महत्वपूर्ण ट्रेनों का ठहराव नहीं है. पिछले तीन वर्षों से लगातार धरना-प्रदर्शन और अनशन के बाद रेल अधिकारियों के साथ तीन बार समझौते हुए, जिसके बाद सिर्फ इंटरसिटी एक्सप्रेस का ठहराव शुरू किया गया.
- यात्रियों को परेशानी: प्रमुख एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव न होने से गोगरी और चौथम प्रखंड के हजारों यात्रियों को जिला मुख्यालय या अन्य दूर-दराज के स्टेशनों का रुख करना पड़ता है.
सुविधाओं का घोर अभाव: पेड़ के नीचे बैठकर ट्रेन का इंतजार करते हैं यात्री
गौछारी स्टेशन पर बुनियादी सुविधाओं की कमी से यात्री रोजाना जूझ रहे हैं:
- पेसेंजर शेड की कमी: प्लेटफार्म पर संपूर्ण शेड का निर्माण न होने से भीषण गर्मी, कड़ी धूप और मानसूनी बारिश के दौरान यात्रियों को काफी दिक्कत होती है.
- बगीचा बना वेटिंग रूम: शेड न होने के कारण मजबूरी में रेल यात्रियों को स्टेशन परिसर के पास स्थित बगीचे में पेड़ों की छांव में बैठकर ट्रेनों की प्रतीक्षा करनी पड़ती है.
सांसद से गौछारी स्टेशन को 'अमृत भारत योजना' में शामिल करने की मांग
स्थानीय निवासियों—राहुल कुमार, बिंदेश्वरी प्रसाद, मनजीत शर्मा, राकेश अग्रवाल, विमलेश चंद्रवंशी, आलोक रंजन तिवारी, नीरज तिवारी, संजय यादव और किशोर राही—ने नवनिर्वाचित सांसद से निम्नलिखित प्रमुख मांगों को पूरा कराने की अपील की है:
- गौछारी स्टेशन पर प्रमुख एक्सप्रेस गाड़ियों का अविलंब ठहराव शुरू किया जाए.
- व्यावसायिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए स्टेशन पर गुड्स रेक पॉइंट (Goods Rake Point) का निर्माण हो.
- गौछारी रेलवे स्टेशन को 'अमृत भारत स्टेशन योजना' (Amrit Bharat Station Scheme) में शामिल कर आधुनिक यात्री सुविधाएं विकसित की जाएं.
