खगड़िया : ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान की जालसाजी सामने आने के बाद भी कार्रवाई के नाम पर स्वास्थ्य विभाग ने चुप्पी साध ली है. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के रवैये से दाल में काला की आशंका जतायी जा रही है. हालांकि डीएम जय सिंह से कार्रवाई की उम्मीद बाकी है. इधर, जालसाज संस्था को खगड़िया सदर अस्पताल सहित विभिन्न सरकारी अस्पतालों में आउटसोर्सिंग सेवा देने के नाम पर हुई धांधली प्रकरण में कार्रवाई का इंतजार है.
जालसाज आउटसोर्सिंग एजेंसी पर कार्रवाई का इंतजार
खगड़िया : ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान की जालसाजी सामने आने के बाद भी कार्रवाई के नाम पर स्वास्थ्य विभाग ने चुप्पी साध ली है. स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के रवैये से दाल में काला की आशंका जतायी जा रही है. हालांकि डीएम जय सिंह से कार्रवाई की उम्मीद बाकी है. इधर, जालसाज संस्था को […]

काली सूची की अनुशंसा वाली संस्था कैसे कर रहा काम : जिस संस्था को काली सूची में डालने की अनुशंसा की गयी है उसी को खगड़िया के विभिन्न सरकारी अस्पतालों में आउटसोर्सिंग का काम दे दिया गया है. पटना की संस्था ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान को खगड़िया में आउटसोर्सिंग की जिम्मेदारी दिये जाने के खुलासा बाद स्वास्थ्य विभाग की कार्यशैली की पोल खुल गयी है.
सवाल यह है कि आरा डीएम द्वारा काली सूची में डालने के लिए अनुशंसा किये जाने का खुलासा होने के बाद भी यह संस्था खगड़िया के सरकारी अस्पतालों में आउटसोर्सिंग का काम कैसे कर रही है. कार्रवाई की बजाय स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी दूसरे जिलों का हवाला देकर नाजायज को जायज बनाने पर तुले हुए हैं. ऐसे में अब सबकी नजरे डीएम पर जा टिकी है.
जालसाज संस्था पर मेहरबानी का क्या है राज : सदर अस्पताल आरा में आउटसोर्सिंग सेवा देने के दौरान गलत विपत्र के आधार पर सरकारी राशि की हेराफेरी करने वाली यह संस्था क्या खगड़िया के अस्पतालों में गोलमाल करने से बाज आयेगी. आरा में गलत विपत्र के आधार पर सरकारी राशि की गोलमाल करने वाली इस संस्था को खगड़िया में काम देना कहां तक जायज है.
आरा सदर अस्पताल में किये गये कारनामें : आरा सदर अस्पताल के निरीक्षण के दौरान डीएम वीरेंद्र प्रसाद यादव ने आउटसोर्सिंग सेवा में गड़बड़ी पकड़ी. जिसके बाद डीएम के निर्देश पर डीडीसी की जांच में आउटसोर्सिंग सेवा देने वाली संस्था ज्ञान भारती के काले कारनामों पर से परदा हटाते हुए कार्रवाई की अनुशंसा की गयी. जांच रिपोर्ट के आधार पर आरा डीएम ने सीएस, डीपीएम से स्पष्टीकरण पूछते हुए उक्त संस्था से हेराफेरी के आधार पर भुगतान की गयी 11 लाख रुपये वसूलने के अलावा इस संस्था को काली सूची में डालने की अनुशंसा की है.
सीएस के पत्र से खुली पोल : आरा के सीएस द्वारा खगड़िया सीएस को भेजे पत्र में ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान के काले कारनामें पर से परदा हटाया गया है. आरा सीएस के पत्र में कहा गया है कि डीएम निर्देशानुसार डीडीसी द्वारा सदर अस्पताल आरा में आउटसोर्सिंग के माध्यम से कराये जा रहे कार्यों की जांच की गयी. डीडीसी द्वारा डीएम को सौंपे गये जांच प्रतिवेदन में ज्ञान भारती संस्था द्वारा एकरारनामा की शर्तों का उल्लंघन करने तथा गलत विपत्र समर्पित कर 11 लाख रुपये का अवैध भुगतान प्राप्त करना आदि प्रतिवेदित किया गया है. जांच रिपोर्ट सौंपे जाने के बाद आरा डीएम ने ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान को काली सूची में डालने की अनुशंसा की है, जो अभी प्रक्रियाधीन है.
मरीजों का निवाला : खगड़िया के सरकारी अस्पतालों में आउटसोर्सिंग सेवा देने के लिए चयनित ज्ञान भारती शिक्षा प्रशिक्षण संस्थान के जिम्मे अस्पतालों में भरती मरीजों के निवाले की जिम्मेदारी सौंपी है. सदर अस्पताल खगड़िया, रेफरल अस्पताल, अलौली, बेलदौर, चौथम, मानसी, परबत्ता में आउटसोर्सिंग सेवा का कार्यादेश दिया गया है.