सार्वजनिक स्थलों पर धार्मिक संरचना स्थापित करने पर रोक
खगड़िया : सार्वजनिक जगहों पर धार्मिक संरचना करना अब आसान नहीं रहेगा. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुपालन के लिए जिला प्रशासन ने आदेश जारी किया है. अब डीएम-एसपी के नेतृत्व टीम का गठन किया गया है, जो सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक संरचना के निर्माण को समय रहते रोक लगायेंगे. सार्वजनिक स्थानों पर पूर्व में […]
खगड़िया : सार्वजनिक जगहों पर धार्मिक संरचना करना अब आसान नहीं रहेगा. सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के अनुपालन के लिए जिला प्रशासन ने आदेश जारी किया है. अब डीएम-एसपी के नेतृत्व टीम का गठन किया गया है, जो सार्वजनिक स्थानों पर धार्मिक संरचना के निर्माण को समय रहते रोक लगायेंगे.
सार्वजनिक स्थानों पर पूर्व में बने धार्मिक संरचनाओं को हटाना जिला प्रशासन के समक्ष चुनौती बनी हुई है. सुप्रीम कोर्ट व मुख्य सचिव के आदेश के बावजूद सार्वजनिक स्थानों पर बने धार्मिक संरचनाओं को हटाने के लिए जिला प्रशासन के द्वारा न तो कोई ठोस निर्णय लिया गया है और न ही इस संबंध में कोई कड़े आदेश दिये गये हैं. अगर दिये भी गये हैं तो यह आदेश फाइलों में ही सिमट कर रह गये हैं. क्योंकि धरातल पर इसका अनुपालन नहीं किया गया है.
अगर होता भी तो सभी प्रखंडों में सार्वजनिक स्थलों पर निर्मित चार सौ से अधिक धार्मिक संरचनाओं को अब तक हटा दिया गया होता. पूर्व से बने संरचनाओं को हटाने में जिला प्रशासन भले ही नाकाम रही हो, लेकिन अब सार्वजनिक जगहों पर ऐसे निर्माण को रोकने के लिए सख्त निर्देश दिये गये हैं. डीएम जय सिंह ने सार्वजनिक स्थलों पर किसी भी धर्म से संबंधित नयी संरचनाओं के निर्माण पर रोक लगायी है. डीएम ने आदेश जारी कर कहा है
कि अगर सार्वजनिक स्थलों पर नयी धार्मिक संरचनाओं को निर्माण कराया जाता है तो एसडीओ, सीओ अगर नप क्षेत्र में हो तो नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी तथा थानाध्यक्ष के माध्यम से इस निर्माण पर रोक लगायेंगे. डीएम ने कहा कि इस आदेश का शत प्रतिशत अनुपालन कराया जाय. अन्यथा दोषी पदाधिकारी पर कार्रवाई की जायेगी.
सहमति से संरचना हटाने का निर्देश
सार्वजनिक स्थलों पर पूर्व से बने दर्जनों संरचनाओं को हटाने के लिए संबंधित पदाधिकारी को निर्देश दिये गये हैं. डीएम ने सर्वेक्षण सूची के आधार पर सबसे पहले स्थानीय समुदाय के सहयोग, विचार-विमर्श व सहमति के आधार पर इसे वहां से हस्तांतरित करने अथवा अन्य प्रकार के समाधान की खोज कर इस समस्या का निदान करने का निदेश दिये. अगर आपसी सहमति के आधार पर इसका हल न निकल पाये तो डीएम ने बिहार लोक भूमि अतिक्रमण अधिनियम तथा
अन्य विधि संगत कानूनों के आलोक में कार्रवाई आरंभ करने का आदेश दिया है. डीएम ने सार्वजनिक स्थलों पर अनाधिकृत रूप से बने धार्मिक संरचनाओं को हटाने के संबंध में सीओ के द्वारा की जाने वाली कार्रवाई की सूचना प्रत्येक सप्ताह अनुमंडल स्तर पर भेजने को कहा है. ताकि जिला स्तर पर प्रत्येक दो माह में आयोजित होने वाली बैठक में इसकी समीक्षा की जा सके. डीएम एसपी दोनों एसडीओ एडीएम दोनों इस टीम में शामिल है.
सुप्रीम कोर्ट का था आदेश
सार्वजनिक स्थलों पर अनाधिकृत रूप से बने धार्मिक संरचनाओं को हटाने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिये थे. जानकारी के अनुसार देश के शीर्ष अदालत ने सीएलपी वाद संख्या 8519/06 में यह आदेश जारी किया था. जिसके बाद बिहार के मुख्य सचिव ने 21 दिसंबर 2009 को ही इस आदेश का अनुपालन कराने के लिए जिलास्तर पर पत्र लिखा था.