विनय
खगड़िया : जिले की कुल 129 में से 113 पंचायतों में संभावित बाढ़ के खतरे को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह चौकस है. किसी भी अप्रिय स्थिति से निबटने के लिए तैयारी पूरी कर ली गयी है. इसके लिए 73 ऊंचे स्थानों पर शरणस्थली का निर्माण किया गया है. जहां रोशनी सहित पेयजल से लेकर खाने तक का इंतजाम रहेगा. इसके अलावा सरकारी नाव, मोटरबोट सहित गोताखोरों को तैयार रहने का निर्देश दिया गया है, ताकि जरूरत पड़ने पर लोगों को सुरक्षित निकालने में इसका उपयोग किया जा सके.
तटबंधों की सुरक्षा के लिए होमगार्ड तैनात
जिले के विभिन्न प्रखंडों में जल संसाधन विभाग के अधीन 147 किमी तटबंध सहित जमींदारी बांध को प्रशासन ने सुरक्षित बताया है. जिसकी सुरक्षा के प्रत्येक किलोमीटर पर होमगार्ड को तैनात किया गया है.
इसके अलावा बाढ़ प्रभावित इलाकों में सूचना तंत्र को मजबूत बनाने के लिए जनप्रतिनिधियों के मोबाइल नंबर भी रखने को कहा गया है ताकि सूचना के आदान प्रदान में दिक्कत ना हो और समय रहते समुचित कदम उठाया जा सके. वहीं खगड़िया जिले में स्थित सात वर्षामापक यंत्र से बारिश पर पैनी नजर रखी जा रही है.
प्रभावितों के बीच बंटेगी पॉलीथिन सीट
बाढ़ प्रभावित इलाकों में बांटने के लिए 7500 पॉलीथिन सीट प्रशासन के पास उपलब्ध है, जिसे जरूरतमंदों के बीच बांटा जायेगा. इसके अलावा बाढ़ग्रस्त इलाकों में रहने वाली गर्भवती व धात्री महिलाओं की सूची तैयार कर ली गयी है. डीएम राजीव रोशन ने बताया कि ऐसी महिलाओं, बुजुर्ग को प्राथमिकता देकर सुरक्षित निकालने की पर्याप्त व्यवस्था की गयी है.
बाढ़ प्रभावित आबादी को के लिए चयनित शरणस्थली में सुविधा की मुकम्मल व्यवस्था है. भोजन-पानी, जेनेरेटर सहित अन्य संसाधनों के सहारे रोशनी के इंतजाम रहेंगे. इसके अलावा सूखा राशन की भी व्यवस्था की जा रही है. इसमें सत्तू, चुड़ा, गुड़ आदि शामिल हैं. बाढ़ प्रभावित इलाकों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाने सहित राहत उपाय करने के लिये नाव से लेकर मोटरबोट को तैयार रखने को कहा गया है.
इसके लिये 95 सरकारी व निजी नाव, 12 इन्फ्लेटेबल मोटरबोट व दो एफआरपी मोटरबोट का इंतजाम किया गया है. इसके अलावा 200 लाइफ जैकेट, सात महाजाल के सहारे सहित 42 गोताखोरों की मदद से किसी भी अप्रिय स्थिति से निबटने के इंतजाम हैं.
