अभियान दखल दहानी के तहत दिलायी जायेगी दखलखगडि़या. जिले में 13 हजार से अधिक परचाधारी अपने जमीन से बेदखल हैं. जिन्हें जिला प्रशासन के द्वारा काफी पूर्व जमीन का परचा दिया गया था. किंतु इन्हें जमीन पर दखल नहीं दिलाया गया या फिर जमीन पर दखल दिलाया भी गया तो ये फिर से बेदखल हो गये. भूमिहीन होने के नाते इन्हें जमीन पर बसने के लिए जमीन का परचा दिया गया था. परचा पाने वालों में अधिकांश लोग दलित तथा महादलित जाति के हैं. इन्हें अब भी जमीन पर दखल पाने का इंतजार है. विभिन्न अंचलों से जिला स्तर बेदखल परचा धारियों की सूची भेजी गयी है. अभियान भूमि दखल दहानी के तहत जिला स्तर से सभी अंचलों से जमीन से बेदखल परचा धारियों की सूची मांगी गयी थी. विभागीय सूत्र के मुताबिक सभी अंचल अधिकारियों ने जिला स्तर पर बेदखली रिपोर्ट भेजी है. जिसमें 13 हजार 20 परचा धारियों को जमीन से बेदखल बताया गया है. चौथम प्रखंड में सर्वाधिक 2385 परचा धारी बेदखल बनाये गये हैं. वहीं परबत्ता प्रखंड में 2326, परबत्ता में 2178,अलौली प्रखंड में 1859, गोगरी प्रखंड में 2083, सदर प्रखंड में 1671 तथा मानसी प्रखंड में 510 परचाधारी की जमीन से बेदखल होने की रिपोर्ट दी गयी है. दिलायी जायेगी दखलराज्य स्तर से जारी निर्देश के आलोक में पहले सभी प्रखंडों से बेदखल परचा धारियों की सूची ली गयी है. फिर उन्हें उस जमीन पर दखल दिलाया जायेगा. अभियान दखल दहानी के तहत 31 दिसंबर 2014 तक बेदखल परचा धारियों की जानकारी इकट्ठा करने को कहा गया है. फिर एक जनवरी से अभियान चला कर बेदखल परचा धारियों को जमीन पर दखल दिलायी जायेगी.
जिले में 13 हजार से अधिक हैं पर्चाधारी बेदखल
अभियान दखल दहानी के तहत दिलायी जायेगी दखलखगडि़या. जिले में 13 हजार से अधिक परचाधारी अपने जमीन से बेदखल हैं. जिन्हें जिला प्रशासन के द्वारा काफी पूर्व जमीन का परचा दिया गया था. किंतु इन्हें जमीन पर दखल नहीं दिलाया गया या फिर जमीन पर दखल दिलाया भी गया तो ये फिर से बेदखल हो […]
