डीएस कॉलेज में कार्य कर रहे आउटसोर्स कर्मियों के मानदेय पर लटकी तलवार

डीएस कॉलेज में आउटसोर्स के माध्यम से कार्य कर रहे करीब 14 कर्मियों के अगस्त माह के मानदेय पर तलवार लटक गयी है.

कटिहार. डीएस कॉलेज में आउटसोर्स के माध्यम से कार्य कर रहे करीब 14 कर्मियों के अगस्त माह के मानदेय पर तलवार लटक गयी है. त्योहार से पूर्व मानदेय नहीं मिलने की वजह से सभी करीब 14 आउटसोर्सिंग कमियों के बीच हाहाकार मच गया है. मालूम हो कि सुविधा मानव बल एजेंसी वेस्ट बोरिंग कैनाल रोड पटना के साथ पूर्व प्रचार्य डीएस कॉलेज द्वारा हाऊसकीपिंग कार्य के लिए डीएससीजी, एस 149, एस-2024 में दो साल के लिए एकरारनामा किया गया था. एक मई 2024 से डीएस कॉलेज में हाउसकीपिंग कार्य के लिए मानव बल की सेवा उपलब्ध कराया गया था, जो नियमित रूप से कार्य कर रहे हैं. इसमें गुलाब यादव, शुभम कुमार, रोहित कुमार यादव, अभिनंदन कुमार, अजय चंद परिदा, विक्की कुमार, मो तौफिक, ब्रजेंद्र प्रसाद मंडल, राजू बासफोर, नाजनी परवीन, सौरभ कुमार सिंह, जयंत कुमार सिंह, मीनाक्षी कुमारी चौहान, अभिषेक कुमार एवं रंजना देवी का नाम शामिल हैं. एक अगस्त से पूर्व ब्रजेन्द्र प्रसाद मंडल को अधिक आयु का हवाला देते हुए उन्हें हटा दिया गया था. आउटसोर्स के माध्यम से डीएस कॉलेज में कार्य कर रहे कई कर्मचारियों का कहना है कि दो वर्षों का एकरारनामा करा बीच में ही कंपनी उड़न छू हो गयी. इसके लिए उक्त कम्पनी द्वारा अगस्त माह में ही कॉलेज प्रशासन को एक अनुरोध पत्र दिया है. इसके बाद भी उनलोगों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था नहीं किये जाने से वे लोग परेशान हैं. सितंबर और अक्तूबर माह में ही दुर्गा पूजा, दीपावली और छठ पर्व रहने के कारण उनलोगों के बीच मानदेय को ले हाहाकार मचा हुआ है.

आठ अगस्त को पत्र देकर कार्य कराने में असमर्थता जता चुकी है एजेंसी

आउटसोर्स कर्मियों का कहना है कि सुविधा मानव बल एजेंसी वेस्ट बोरिंग कैनाल रोड पटना के सचिव द्वारा आठ अगस्त 2025 को डीएस कॉलेज प्राचार्य को कार्यादेश पत्र को रद्द करने से संबंधित पत्र दे दिया है. उनलोगों ने बताया कि हाउसकीपिंग कार्य के लिए निर्गत कार्यादेश डीएससीजी, एस-149, 2024 को रद्द करने को लेकर पत्र दिया गया था. जिसमें बताया गया है कि उनके एजेंसी द्वारा एक मई 2024 से डीएस कॉलेज में हाउसकीपिंग कार्य के लिए मानव बल की सेवा उपलब्ध करवाया गया है. जो अद्यतन तक कार्य कर रही है. जिस सम्बंध से अनुरोध किया गया है कि अपरिहार्य कारण से एक सितम्बर 2025 से एजेंसी कार्य करने में असमर्थ है. एजेंसी को कार्य करने के लिए जारी कार्यादेश को रद्द करने की मांग की थी. उनलोगों की माने तो अब तक बिल नहीं भेजने की वजह से उनलोगों के बीच बेचैनी छायी हुई है.

समय से पहले कार्य करने में असमर्थता से उठने लगा सवाल

एजेंसी व कॉलेज प्रशासन के बीच दो साल के लिए हुई एकरारनामा महज एक साल में ही रद्द करने की मांग के बाद कर्मचारियों में वित्तीय अनियमितता व घपले को लेकर आवाज बुलंद करना शुरू कर दिया है. उनलोगों को आशंका है कि अधिक राशि पर एकरारनामा कर उनलोगों को कम राशि उपलब्ध करायी गयी है. उनलोगों की माने तो दूसरे कॉलेजों में स्किल्ड व ननस्किल्ड के मद में उनलोगों से मानदेय के रूप में अधिक राशि उपलब्ध कराया जाता है.सुविधा मानव बल एजेंसी वेस्ट बोरिंग कैनाल रोड पटना की आउटसोर्सिंग कंपनी कार्य छोड़ दिया है. इस कारण आउटसोर्स पर कार्य कर रहे कर्मियों का भुगतान संभव नहीं है. प्राचार्य के आने के बाद इस मामले में विचार किया जायेगा. वे प्रभार में है कुछ नहीं कह सकते हैं. प्राचार्य के आने के बाद सभी समस्याओं को विचारपूर्वक दूर कर लिया जायेगा.

शैलेंद्र कुमार उपाध्याय, प्रभारी प्राचार्य, डीएस कॉलेजB

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By RAJKISHOR K

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