कटिहार से सूरज गुप्ता की रिपोर्ट
Jan Kalyan Shivir: बिहार सरकार के मुख्य सचिव के कड़े दिशानिर्देशों के आलोक में कटिहार जिला प्रशासन ने एक बड़ा फैसला लिया है. समाज के अंतिम पायदान पर खड़े पात्र व्यक्तियों और वास्तविक लाभार्थियों तक सरकारी योजनाओं का पारदर्शी लाभ समय सीमा के भीतर सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से आगामी 17 और 18 जून 2026 को जिले के सभी प्रखंडों में एक साथ दो दिवसीय “प्रखंड सहयोग सह जन कल्याण शिविर” आयोजित किया जाएगा. कटिहार के वर्तमान जिला पदाधिकारी (DM) आशुतोष द्विवेदी ने इस बाबत कड़ा प्रशासनिक आदेश जारी कर दिया है. वर्तमान में चल रहे पंचायत और नगर निकाय स्तरीय शिविरों के बाद, प्रखंड स्तर पर आयोजित होने वाला यह महा-शिविर लंबित आवेदनों के निपटारे, ई-केवाईसी (e-KYC), नए पंजीकरण (निबंधन) और लाभ वितरण का सबसे बड़ा जरिया बनेगा.
इन 15 से अधिक प्रमुख योजनाओं का शिविर में मिलेगा कड़ा लाभ; देखें सूची
- स्वास्थ्य एवं सामाजिक सुरक्षा: आयुष्मान भारत योजना, आयुष्मान वय वंदना कार्ड (70 वर्ष से अधिक के बुजुर्गों के लिए), दिव्यांग कल्याण योजनाएं और सामाजिक सुरक्षा पेंशन (यथा- वृद्धावस्था, विधवा व दिव्यांग पेंशन).
- आवास, ऊर्जा एवं स्वरोजगार: प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण, पीएम सूर्य घर-मुफ्त बिजली योजना, लखपति दीदी योजना (SHG लिंकेज) और पीएम स्वनिधि योजना.
- शिक्षा, छात्रवृत्ति एवं कृषि: मुख्यमंत्री कन्या उत्थान योजना, विभिन्न छात्रवृत्ति योजनाएं, मुख्यमंत्री उद्यमी योजना, मुख्यमंत्री स्वयं-सहायता भत्ता योजना और किसान क्रेडिट कार्ड (KCC).
- श्रम एवं परिवहन कल्याण: बिहार भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड (BOCW- निर्माण कामगार कल्याण), मुख्यमंत्री ग्राम परिवहन योजना और विकसित भारत कार्यक्रम.
बीडीओ को मिली सम्पूर्ण कमान; ‘हेल्प डेस्क’ पर तैनात रहेंगे प्रशिक्षित स्वयंसेवक
अधिकारियों की जवाबदेही तय: डीएम आशुतोष द्विवेदी ने साफ कर दिया है कि प्रखंड स्तर पर तंबू, स्टॉल और कड़क बुनियादी व्यवस्थाओं की संपूर्ण जिम्मेदारी संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) की होगी.
| शिविर प्रबंधन के कड़े मानक | नियुक्त मुख्य प्रशासनिक टीम | आवंटित प्रमुख कूटनीतिक कार्य व दायित्व |
| समग्र पर्यवेक्षण व मॉनिटरिंग | संबंधित प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) | प्रत्येक योजना के लिए पृथक काउंटर बनाना तथा कड़े नोडल अधिकारियों की प्रतिनियुक्ति सुनिश्चित करना. |
| सहयोगी कोर टीम | * अंचलाधिकारी (CO) * प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी (BPRO) * राजस्व अधिकारी (RO) व आपूर्ति निरीक्षक | बीडीओ के मार्गदर्शन में कानून व्यवस्था, दस्तावेजीकरण और भौतिक सत्यापन की कमान संभालना. |
| नागरिक सहायता विंग | प्रशिक्षित स्वयंसेवक एवं तकनीकी कर्मचारी | मुख्य प्रवेश द्वार पर ‘हेल्प डेस्क’ (Help Desk) की स्थापना; फॉर्म भरवाने, कागजात जांचने और सही काउंटर तक मार्गदर्शन करना. |
आयुष्मान काउंटर के पास लगेगा मेडिकल स्टॉल; 14 जून तक व्यापक प्रचार का निर्देश
डीएम के कड़े आदेश के मुताबिक, सभी बीडीओ को अपने-अपने क्षेत्र के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी (MO) से समन्वय स्थापित कर शिविर स्थल पर एक विशेष मेडिकल स्टॉल स्थापित करना होगा. इस स्टॉल पर आने वाले नागरिकों की प्राथमिक स्वास्थ्य जांच जैसे ब्लड प्रेशर (रक्तचाप), शुगर (शर्करा) और सामान्य स्वास्थ्य परामर्श मुफ्त दिया जाएगा. इस मेडिकल स्टॉल को कड़ाई से आयुष्मान भारत और वय वंदना कार्ड काउंटर के बिल्कुल समीप लगाने का निर्देश दिया गया है ताकि बुजुर्गों को भटकना न पड़े.
100% भागीदारी के लिए जमीनी स्तर पर एक्शन:
इस महा-शिविर में आम जनता की अधिकतम और कड़क भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए जिला प्रशासन ने 14 जून 2026 तक पूरे जिले में व्यापक प्रचार-प्रसार (मायकिंग और होर्डिंग्स) कराने का कड़ा निर्देश दिया है.
- तैयारी में जुटेंगे ये कर्मी: आंगनबाड़ी सेविका, विकास मित्र, टोला सेवक, पंचायत रोजगार सेवक, ग्रामीण आवास सहायक, किसान सलाहकार, स्वच्छताग्राही और आशा (ASHA) कार्यकर्ताओं को कड़ा जिम्मा सौंपा गया है.
- घर-घर जाकर करेंगे प्रेरित: ये सभी कर्मी अपने-अपने वार्डों और पोषक क्षेत्रों में घर-घर जाकर योग्य और वंचित लाभार्थियों की सूची तैयार करेंगे तथा उन्हें आवश्यक दस्तावेजों के साथ 17 और 18 जून को प्रखंड मुख्यालय आने के लिए प्रेरित करेंगे. डीएम ने दो टूक चेतावनी दी है कि कार्यों में किसी भी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी.
