19.890 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य में अनियमितता, जांच की मांग

19.890 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य में अनियमितता, जांच की मांग

आजमनगर आजमनगर पीडब्ल्यूडी रोड से हाट बरौल भाया सुरती पोखर मर्वतपुर सड़क का निर्माण कार्य कराया जा रहा है. यह प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना फेज- 3 के तहत करोड़ों रुपये की लागत से बनाई जा रही है. कार्य प्रारंभ तिथि 24/11/2023 तथा कार्य समाप्ति कि तिथि 23/05/2025 दर्शाया गया है. 09 माह विलम्ब से चल रही है. जिसको लेकर ग्रामीणों ने बताया कि एक तरफ संवेदक राजेन्द्र प्रसाद पोद्दार विलम्ब से कार्य किया जा रहा है. दूसरी ओर सड़क के निर्माण कार्य में गुणवत्ताहीन सामग्रियों तथा गुणवत्ता मानकों को दरकिनार कर निर्माण कार्य जारी है. सड़क निर्माण कार्य के हुए एक वर्ष भी नहीं हुआ कि पिच तथा ढलाई सड़क सैकड़ों जगह पर बड़े-बड़े गड्ढे हो चुके हैं. करीब एक सौ मीटर दूर तक गिट्टी भी उखड़ गया है. प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना फेज- 3 के तहत आजमनगर बाजार से मर्वतपुर होते हुए हाट बरौल तक प्रस्तावित 19.890 किलोमीटर सड़क चौड़ीकरण कार्य में गंभीर अनियमितताओं के आरोप सामने आए हैं. सड़क की गिट्टी उखड़कर तथा जर्जर हो चुकी है. परतें पुरी तरह से खुल गई हैं. सैकड़ों स्थानों पर गड्ढे बन गए हैं जिससे आम लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. परियोजना की लागत लगभग 22 करोड़ रुपये से अधिक बताई जा रही है. लेकिन निर्माण की गुणवत्ता पर सवाल खड़े हो गए हैं. स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क बने अभी एक वर्ष भी पूरा नहीं हुआ और जगह-जगह क्षतिग्रस्त हो चुकी है. भ्रष्टाचार साफ साफ झलक रही है. विभागीय जेई मनीष चंद्र आर्या ने बताया कि सड़क का निर्माण दो हिस्सों में किया जा रहा है. दोनों हिस्सों की लंबाई जोड़ने के बाद भी प्रस्तावित लंबाई से करीब 1600 मीटर कम कार्य होने की बात सामने आई है. इससे यह सवाल उठ रहा है कि आखिर प्रस्तावित 19.890 किलोमीटर के मुकाबले कम लंबाई में निर्माण क्यों किया जा रहा है. ग्रामीणों ने 19.890 किलोमीटर के सड़क निर्माण कार्य में 1600 मीटर सड़क के गड़बड़ झाला के आशंका जताते हुए कहा है की विभाग अधिकारियों की मिली भगत से अगर 1600 मीटर सड़क का घोटाला होता है तो सरकारी खजाने से करीब 1.70 करोड़ रुपए का नुक़सान होने का अनुमान लगाया जा रहा है. साथ ही ग्रामीणों ने मामले की गंभीरता को समझते हुए उच्चस्तरीय जांच की मांग करते हुए कहा है कि यदि करोड़ों की लागत से बनी सड़क एक वर्ष भी नहीं टिक पा रही है तो इसकी जिम्मेदारी तय होनी चाहिए.

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By RAJKISHOR K

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