दुखद . सोनैली बाजार में अगलगी के दूसरे दिन भी पसरा रहा सन्नाटा
राजलक्ष्मी होटल में बुधवार की शाम गैस सिलिंडर फटने से भीषण अग्निकांड में व्यापक नुकसान हुआ है. वहीं इस अगलगी में जल कर दो की मौत से गुरुवार को बाजार में सन्नाटा पसरा रहा. शोक में व्यवसायियों ने अपनी दुकानें बंद रखीं.
कदवा : सोनैली बाजार के राजलक्ष्मी होटल में बुधवार की शाम गैस सिलिंडर फटने से भीषण अग्निकांड में व्यापक नुकसान हुआ है. घटना के दूसरे दिन पीड़ित लोगों के दुख में शामिल होने के लिए पूरे दिन नेताओं का जमघट लगा रहा. इस अग्निकांड में व्यापक नुकसान होने अनुमान लगाया जा रहा है. अभी तक कितने का नुकसान हुआ है,
इसकी अधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है. पीड़ित दुकानदार अपने जले दुकानों को सुनी आंखों से निहारते रहे तथा राख में कुछ बचने की आस में उसे टटोलते मिले. गौरतलब हो कि इस अगलगी की घटना में राजलक्ष्मी होटल प्रबंधक महादेव चक्रवर्ती की इकलौती पुत्री पांच वर्षीया राजलक्ष्मी की मौत हो गयी है.
इस घटना के बाद मृत बच्ची के माता-पिता और परिवार का सुख चैन छिन गया है. परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल है. बच्ची की दर्दनाक मौत से सोनैली बाजार के व्यवसायी व पड़ोसी भी सदमे में हैं. राजलक्ष्मी सभी की दुलारी थी. महादेव चक्रवर्ती व उनकी पत्नी के आंख के आंसू नहीं सूख रहे हैं. वे बार-बार यही कहते हैं कि कौन सी गलती हुई थी जो हमारी लाडली को भगवान ने ऐसी दर्दनाक मौत दी. घटना के बाद पूरे मोहल्ले में मातम पसरा है.
अब प्रशासन पर लगाये हैं आस : सोनैली में घटी भीषण अगलगी कि घटना में व्यवसायियों के दुकान व उसमें रखे सामान राख में तब्दील हो गये हैं. दुकानदार पूरी तरह से विस्थापित होकर मदद की उम्मीद स्थानीय प्रशासन से लगाये बैठे हैं. अगलगी के शिकार हुए दुकानदारों में रुक्मिणि देवी का 30 हजार, शांति देवी के 25 हजार,
किशन साह का 25 हजार, सत्यनारायण साह का 30 हजार, तरुण पोद्दार का 25 हजार, मिथिलेश पोद्दार का 50 हजार, सत्तन पोद्दार का 30 हजार, विश्वंभर पोद्दार का 35 हजार, मनोज पोद्दार का एक लाख, कन्हैया साहनी का 30 हजार, अशोक साह का 30 हजार, संजय साह का 35 हजार, अवधेश पोद्दार का 30 हजार, सिंहासन पासवान का 25 हजार, उमेश पासवान का 30 हजार, प्रदीप पासवान का 30 हजार, प्रदीप पासवान का 35 हजार, संतोष साह का 30 हजार, रामविलास पासवान का 20 हजार, ओम प्रकाश पासवान का 35 हजार की क्षति के साथ अन्य दर्जनों लोगों का सब कुछ बरबाद हो गया है.
इनसबों ने बताया की अब कैसे धंधा करेंगे. समझ में नहीं आ रहा है. रोजी रोटी के लाले पड़ गये हैं. रोज दुकानदारी कर परिवार का भरण पोषण होता था. अब वह भी नहीं बचा. हमलोग सड़क पर आ गये हैं. इस बाबत सीओ ने बताया की नुकसान की जांच की जा रही है. प्रशासन की ओर से सरकारी सुविधा व राहत मुहैया करायी जायेगी.
