अदालत ने अभियुक्त उमेश शर्मा को यह सजा भादवि की धारा 302 के तहत दोषी पाये जाने पर सुनायी है. अदालत ने अभियुक्त को पांच हजार रुपये अर्थदंड भुगतान करने का भी आदेश दिया है
कटिहार :अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश द्वितीय हरिंद्र नाथ की अदालत में गुरुवार को पत्नी की हत्या करने के मामले में दोषी पाये जाने पर अभियुक्त उमेश शर्मा पिता बाबू लाल शर्मा निवासी दिलारपुर मनिहारी को आजीवन कारावास की सजा सुनायी. अदालत ने अभियुक्त उमेश शर्मा को यह सजा भादवि की धारा 302 के तहत दोषी पाये जाने पर सुनायी है. अदालत ने अभियुक्त शर्मा को पांच हजार रुपये अर्थ दंड का भुगतान करने का भी आदेश दिया है. यदि अभियुक्त द्वारा अर्थ दंड की राशि का भुगतान नहीं किया जाता है तो उसे तीन माह अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा.
मनिहारी थाना कांड संख्या 167/ 2011 में मृतका पार्वती देवी के भाई प्राणपुर के धबोल निवासी नंदलाल शर्मा ने 25 अक्तूबर 2011 को थाने में दिये फर्द बयान में कहा था कि वे अपने ससुराल दिलारपुर में रहकर मनिहारी में मकान बनाने में मजदूर का काम करते हैं. उसकी छोटी बहन पार्वती देवी की शादी अभियुक्त उमेश शर्मा के साथ वर्ष 2003 में हुआ था. कुछ समय बाद उसकी छोटी बहन के साथ उसका पति एवं ससुरालवाले मारपीट एवं गाली गलोज करने लगे तथा बराबर कुछ न कुछ मांगा करते थे
. 24 अक्टूबर को जब वह अपने बहन से मिलने गये तो उसकी बहन पार्वती देवी ने मारपीट करने एवं जान से मारने की धमकी देने की बात बतायी. उसे 25 अक्टूबर को सूचना मिला कि उसके बहन के पति उमेश शर्मा एवं ससुराल वाले ने मिल कर उसकी हत्या कर दी. पहुंचने पर देखा कि उसकी बहन मृत अवस्था में पड़ी थी. . इस सत्रवाद संख्या 333/2012 में अपर लोक अभियोजक मीना शर्मा ने अभियोजन की ओर से न्यायालय में गवाहों का परीक्षण कराया.
