Kaimur News : शिक्षकों की ट्रांसफर-पोस्टिंग के लिए जिलास्तर पर कोषांग गठित

छात्र अनुपात से अतिरिक्त शिक्षकों का होगा स्थानांतरण

भभुआ नगर. जिले के सरकारी विद्यालयों में शिक्षकों का पदस्थापन छात्रों के अनुपात में होगा़ इसको लेकर शिक्षा विभाग के निर्देश पर जिला शिक्षा पदाधिकारी ने जिले के सभी स्कूलों से रिपोर्ट मांगी है. साथ ही छात्रों के अनुपात के अनुसार शिक्षकों का विद्यालय में आंकलन करने के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी ने जिलास्तर पर कोषांग का गठन किया है. जिला स्तर पर गठित कोषांग विद्यालय में छात्रों के अनुसार शिक्षकों का आकलन कर कार्यालय को रिपोर्ट देगा. साथ ही दी गयी रिपोर्ट के अनुसार जिस विद्यालय में तय मानक से ज्यादा शिक्षक होंगे, उनका स्थानांतरण संबंधित प्रखंड के विद्यालय में होगा. इस तरह जिस विद्यालय में छात्र-शिक्षक अनुपात में अंतर होगा, वहां शिक्षकों की पदस्थापन कर संतुलित किया जायेगा. गौरतलब है कि शिक्षा का अधिकार कानून के आलोक में 40 बच्चों पर एक शिक्षक का मानक तय किया गया है़ यानी जिन विद्यालयों में 61 से 90 बच्चों की संख्या है, वहां पर तीन शिक्षक होने चाहिए. इसी तरह 91 से 120 बच्चों पर चार शिक्षक कार्यरत होने चाहिए. इसी प्रकार 121 से 200 छात्रों की संख्या रहने पर पांच शिक्षक कार्यरत होने का प्रावधान है. साथ ही कक्षा छह से आठ के लिए विज्ञान और गणित के एक शिक्षक, सामाजिक अध्ययन के एक शिक्षक और भाषा के एक शिक्षक का होना अनिवार्य है. गठित कोषांग के सदस्य विद्यालय वार कार्यरत शिक्षकों की देंगे रिपोर्ट जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने बताया कि छात्र अनुपात के अनुसार शिक्षकों के स्थानांतरण के लिए गठित कोषांग के सदस्यों को निर्देश जारी किया है. इसमें कहा गया है कि शिक्षकों के विद्यालय स्थानांतरण के बाद विद्यालय वार प्रत्येक विद्यालय में कम हुए शिक्षकों का आकलन करना होगा. शिक्षकों के आकलन के दौरान विषय पर भी ध्यान देना होगा कि किस विषय के शिक्षक की कमी किन-किन विद्यालयों में है. छात्र अनुपात के अनुसार कितने शिक्षक विद्यालय में कार्यरत है़ इन सभी बिंदुओं पर आकलन करते हुए रिपोर्ट देंगे. ताकि, छात्र अनुपात के अनुसार कमी रहने वाले विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती की जाये. जहां शिक्षक अधिक है, ऐसे विद्यालय से स्थानांतरित करते हुए कमी वाले विद्यालयों में तैनाती की जायेगी. गठित कोषांग के सदस्य छह बिंदुओं पर देंगे रिपोर्ट जिला शिक्षा पदाधिकारी ने शिक्षकों के स्थानांतरण के लिए गठित कोषांग के सभी सदस्यों को निर्देशित करते हुए छह बिंदुओं पर रिपोर्ट मांगी है. इसमें कहा है कि स्थानांतरण के बाद जिन विद्यालयों में निर्धारित मानक के अनुरूप शिक्षकों का पदस्थापना नहीं रह गया है. उन विद्यालयों में उसके निकटतम विद्यालय, जहां निर्धारित मानक से अधिक शिक्षक पदस्थापित हैं. ऐसे शिक्षकों का कमी रहने वाले विद्यालय में पदस्थापन करने कि प्रस्ताव दिया जाये. कहा है कि शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति किये जाने के दौरान निर्धारित विषय का भी ध्यान रखा जाना आवश्यक है. इसके साथ ही जिस विद्यालय से शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति की जायेगी. उसके शैक्षणिक कार्य पर प्रभाव नहीं पढ़ना चाहिए सहित छह बिंदुओं पर रिपोर्ट मांगी गयी है. कोषांग में एक पीओ सहित दो कर्मी व एक डाटा इंट्री की प्रतिनियुक्ति शिक्षकों के स्थानांतरण के लिए जिला शिक्षा पदाधिकारी ने गठित किये गये कोषांग में कार्यक्रम पदाधिकारी शंभू प्रसाद कर्मी हरे राम गुप्ता, अंशुमन कुमार व डाटा इंट्री ऑपरेटर, मोहम्मद सालिक मुबारक कि प्रतिनियुक्ति की गयी है. गठित कोषांग के सदस्य छात्र शिक्षक अनुपात सभी बिंदुओं पर आंकलन कर रिपोर्ट देंगे. = टीआइ तीन में शिक्षकों की पदस्थापना में हुआ है काफी घालमेल गौरतलब है कि जिले के स्कूलों में टीआइ तीन के शिक्षकों के पदस्थापना में व्यापक त्रुटि मिली है. जिले के कई स्कूलों में छात्र शिक्षक अनुपात के मानक का ध्यान नहीं रखा गया है. शिक्षकों के प्रतिनियुक्ति में ऐसा घाल मेल हुआ है कि कुछ प्लस टू स्कूल ऐसे हैं, जहां कामर्स विषय में एक भी छात्र नामांकित नहीं है, उस विद्यालय में भी कामर्स के शिक्षक का पदस्थापना कर दिया गया है. वहीं, कुछ विद्यालयों में विषय शिक्षकों की पदस्थापना भी अधिक कर दी गयी है. जबकि, कई प्राइमरी स्कूल ऐसे हैं, जिनमें पढ़ाई तो पांचवीं कक्षा तक ही होती है, लेकिन उन विद्यालयों में वर्ग छह के शिक्षकों का पदस्थापना कर दिया गया है. क्या कहते हैं अधिकारी इस संबंध में पूछे जाने पर जिला शिक्षा पदाधिकारी राजन कुमार ने कहा कि विद्यालय में छात्र अनुपात के अनुसार कार्यरत शिक्षकों के आकलन के लिए प्रखंड बार बैठक की जा रही है़ जिन विद्यालय में शिक्षक ज्यादा हैं या जहां कम है या संबंधित विषय के शिक्षक नहीं है, वहां पदस्थापित शिक्षकों का आकलन करते हुए तैनाती की जायेगी. = इनसेट डीपीओ स्थापना को गठित कोषांग से रखा गया है बाहर, बना चर्चा का विषय भभुआ नगर. जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना के कंधों पर शिक्षकों की प्रतिनियुक्ति से लेकर वेतन भुगतान व शिक्षकों पर कार्रवाई करने की जिम्मेदारी रहती है़ लेकिन, जिला शिक्षा पदाधिकारी द्वारा जिला कार्यक्रम पदाधिकारी स्थापना को शिक्षक स्थानांतरण व विद्यालय में शिक्षकों के आकलन के लिए बनाये गये कोषांग में नहीं रखा जाना शिक्षा विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ है.

डिस्क्लेमर: यह प्रभात खबर समाचार पत्र की ऑटोमेटेड न्यूज फीड है. इसे प्रभात खबर डॉट कॉम की टीम ने संपादित नहीं किया है

प्रभात खबर डिजिटल प्रीमियम स्टोरी

लेखक के बारे में

Author: PANCHDEV KUMAR

Digital Media Journalist having more than 2 years of experience in life & Style beat with a good eye for writing across various domains, such as tech and auto beat.

Read More

संबंधित खबरें >

यह भी पढ़ें >