कुदरा. विक्रम संवत 2083 के शुभारंभ व नवरात्र के शुभ अवसर पर सदगुरू सदाफल देव विहंगम योग संत समाज द्वारा सत्संग भवन सकरी के प्रांगण में गुरुवार को विश्व शांति के लिए वैदिक हवन यज्ञ व सत्संग का आयोजन किया गया. इसके उपरांत शहर में स्वर्वेद शोभायात्रा निकाली गयी. शोभायात्रा सत्संग आश्रम से होते हुए कुदरा जीटी रोड के रास्ते बाजार भ्रमण करते हुए पुनः आश्रम पर पहुंची. उक्त अवसर पर सदगुरू की वाणी व स्वर्वेद कथा से वातावरण गूंजता रहा. शोभायात्रा में काफी संख्या में महिला व पुरुष श्रद्धालु ””अ”” अंकित श्वेत ध्वज व स्वर्वेद ग्रंथ सिर पर लेकर भ्रमण किये. उक्त अवसर पर वक्ताओं ने बताया कि सद्गुरु सदाफल देव जी सत्रह वर्षो कि कठोर साधना के पश्चात विहंगम योग की साधना पद्धति से अध्यात्म की अनुभूति के साथ आत्मा परमात्मा की अनुभूति के ज्ञान को परिलक्षित किया, जहां जिज्ञासु साधना के माध्यम से अनुभूति प्राप्त करते हैं. उक्त अवसर पर योगेंद्र प्रसाद सिंह, रविंद्र सिंह, मुकेश कुमार, दामोदर शर्मा, राजेंद्र शर्मा, नंदलाल पासवान, राम अवध पाल, मिना देवी, राजकुमारी देवी, उषा देवी, कौशल्या देवी, मधुरी, अशोक कुमार समेत काफी संख्या में लोग रहे.
विश्व शांति के लिए निकाली गयी स्वर्वेद शोभायात्रा
भवन सकरी के प्रांगण में गुरुवार को विश्व शांति के लिए वैदिक हवन यज्ञ व सत्संग का आयोजन किया गया
