Kaimur News : भभुआ थाना क्षेत्र के भेकास गांव के समीप 26 जुलाई को स्वर्ण व्यवसायी से हुई लूटकांड का पुलिस ने खुलासा कर दिया है. इस मामले में पुलिस ने ओडिशा के दो शातिर अपराधियों को गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपितों के पास से तीन मोटरसाइकिल, लूटा गया बैग और व्यवसायी का आधार कार्ड बरामद किया गया है. मामले का खुलासा रविवार को आयोजित प्रेस वार्ता में एसडीपीओ ओमप्रकाश ने किया.
पिस्टल के बल पर लूटे थे सोने-चांदी के आभूषण
एसडीपीओ ने बताया कि 26 जुलाई की शाम करीब 6:10 बजे अखलासपुर निवासी स्वर्ण व्यवसायी संतोष सेठ कुंज गांव स्थित अपनी दुकान बंद कर बाइक से घर लौट रहे थे. इसी दौरान भेकास गांव के समीप दो बाइकों पर सवार चार बदमाशों ने पिस्टल का भय दिखाकर बाइक की डिक्की में रखे करीब 16 ग्राम सोना और 750 ग्राम चांदी के आभूषण लूट लिए और फरार हो गए.
स्पेशल टीम ने डेहरी से दबोचे आरोपी
घटना के बाद एसपी शिखर चौधरी के निर्देश पर एसडीपीओ के नेतृत्व में विशेष टीम का गठन किया गया. तकनीकी अनुसंधान और मानवीय सूचना के आधार पर टीम ने डेहरी से दो आरोपितों को गिरफ्तार किया. गिरफ्तार अपराधियों की पहचान ओडिशा के सतीश दास और टी. अर्जुन के रूप में हुई है.
गिरोह के 5 अन्य सदस्य पहले ही गिरफ्तार
एसडीपीओ ने बताया कि इस लूटकांड में शामिल अन्य पांच आरोपितों को झारखंड के गुमला पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है. पुलिस ने इस मामले में इस्तेमाल की गई तीन मोटरसाइकिल, लूटा गया बैग और पीड़ित व्यवसायी का आधार कार्ड भी बरामद कर लिया है.
किराये का मकान लेकर करते थे वारदात
पुलिस जांच में सामने आया कि यह गिरोह ओडिशा और आंध्र प्रदेश के 20 से 25 अपराधियों का संगठित नेटवर्क है. गिरोह के सदस्य अलग-अलग जिलों में किराये का मकान लेकर रहते थे और आसपास के क्षेत्रों में लूट व छिनतई की घटनाओं को अंजाम देते थे. गिरफ्तार आरोपी मोहनियां में किराये के मकान में रहकर कैमूर, बक्सर, रोहतास और झारखंड के गुमला जिले में वारदात करते थे.
पहले भी जा चुका है जेल
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी सतीश दास पहले भी सोना लूट के एक मामले में जेल जा चुका है. पूछताछ में आरोपितों ने कई अन्य मामलों में अपनी संलिप्तता भी स्वीकार की है. पुलिस गिरोह के नेटवर्क और अन्य घटनाओं की जांच कर रही है.
